#MUZAFFARPUR : सरकार की विकासात्मक नीतियों का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे : उद्योग मंत्री

#MUZAFFARPUR (ARUN KUMAR) : सरकार की विकासात्मक और कल्याणकारी योजनाओं, नीतियों और कार्यक्रमो को पूरी पारदर्शिता और ईमानदारी के साथ क्रियान्वित करें ताकि उसका लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति को मिल सके।” उक्त बातें श्याम रजक माननीय मंत्री उद्योग विभाग- सह- प्रभारी मंत्री मुजफ्फरपुर ने जिला कार्यक्रम क्रियान्वयन समिति की बैठक में कही।

उन्होंने पदाधिकारियो को सख्त लहजे में कहा कि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्यो को गति दें। लापरवाही बरतने वाले पदाधिकारियो पर यहां तक कि वरीय पदाधिकारियो पर भी कार्रवाई करने में कोई गुरेज नही होगा। बैठक में उपस्थित मीनापुर विधायक एवं अन्य विद्यायकगण द्वारा शिक्षा विभाग की लचर स्थिति पर प्रश्न उठाया गया और कहा गया कि नए विधालयों में प्रबंधन समिति का गठन हुआ ही नही है,जो कि चिंताजनक बात है।

जिन स्कूलों में गठन हुआ है वहाँ नियमित रूप से बैठक नही होने पर सदस्यों ने चिंता प्रकट की।अन्य सदस्यों द्वारा भी शिक्षा विभाग के लचर रवैये पर नाराजगी प्रकट की गई। इस पर माननीय मंत्री ने जिला शिक्षा पदाधिकारी को निर्देश दिया कि वे अपने कार्यशैली में सुधार लाएं अन्यथा कार्रवाई के लिए तैयार रहे। विधालयों का नियमित निरीक्षण नही करने पर और निरीक्षण प्रतिवेदेन नही उपलब्ध कराने पर जिलाधिकारी ने डीईओ पर नाराजगी प्रकट की।

जिला शिक्षा पदाधिकारी प्रबंध समिति की बैठक नियमित कराना सुनिश्चित करें,यह निर्देश भी दिया गया। शिक्षा विभाग अपने लचर रवैये में शीघ्र सुधार लाये। विकास निधि का विद्यालय वार अद्धतन स्थिति का रिपोर्ट दो सप्ताह के अंदर उपलब्ध करावें। उपस्थित सदस्यगण द्वारा आपूर्ति विभाग के संबंध में योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता नही बरतने को लेकर प्रश्न उठाया गया। अध्यक्ष महोदय ने जिला आपूर्ति पदाधिकारी को निर्देश दिया कि राशन दुकानों का नियमित निरीक्षण करें।

अंत्योदय लाभुकों का सत्यापन में कोताही न करें।अनाज के उठाव और वितरण में मिल रही शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करें। अध्यक्ष महोदय ने कहा कि राशन-किरासन के उठाव और वितरण में गड़बड़ी पाए जाने पर सख़्त कार्रवाई की जाएगी।उन्होंने निर्देश दिया कि खाद्यान्न की उठाव और वितरण की जानकारी निश्चित रूप से स्थानीय प्रतिनिधियों को दी जाय साथ ही स्थानीय कमिटी की देख रेख में ही कार्यो को निष्पादित करें।

इसके आलोक में निर्देश दिया गया कि प्रतिमाह निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप जन वितरण प्रणाली की दुकानों की जांच कराई जाए।आई सी डीएस के समीक्षा के क्रम में डीपीओ द्वारा बताया गया कि जिले में कुल 4006 आंगनवाड़ी केंद्र है जिसमे 2579 किराए के मकान में चल रहे है। सदस्यगण की शिकायत थी कि सीडीपीओ फोन नही उठाती है। मंत्री श्री रजक ने स्पष्ठ रूप से कहा कि आम-आवाम का फोन नही उठाना चिंताजनक बात हैं। उन्होंने डीपीओ को निर्देश दिया कि कार्य संस्कृति में सुधार करें।

सेविका सहायिका चयन को लेकर मिल रही शिकायतों के मद्देनजर माननीय सदस्यगणों ने चिंता प्रकट की। मंत्री श्री रजक ने डीपीओ आईसीडीएस को निर्देश दिया कि 10 दिन के अंदर मिल रही शिकायतों का निष्पादन करें। उन्होंने कहा कि कार्य मे पारदर्शिता नजर आनी चाहिए। अध्यक्ष महोदय ने डीपीओ को निर्देश दिया कि आंगनवाड़ी केंद्रों का नियमित निरीक्षण करें। निरीक्षण के क्रम में अनियमितता पाए जाने पर त्वरित कार्रवाई करें।

जल आपूर्ति योजनाओं की समीक्षा में अध्यक्ष महोदय ने निर्देश दिया कि इससे संबंधित योजनाओं को अविलंब चालू कराना सुनिश्चित करें। साथ ही जिन चापाकलों की मरम्मती कराई गई है उसकी सूची साक्ष्य के साथ जिला प्रशासन को उपलब्ध करावें। प्रधानमंत्री आवास योजना, ग्रामीण के अंतर्गत राशि वसूली को लेकर सदस्यगणों द्वारा प्रश्न उठाये गए। अध्यक्ष महोदय ने उप विकास आयुक्त को जांच कर प्रतिवेदेन समर्पित करने का निर्देश दिया। उन्होंने निर्देश दिया कि आम आदमी के द्वारा किसी भी तरह के शिकायत को गंभीरता से लिया जाय।

कहा कि लापरवाही की शिकायत मिलने पर वरीय पदाधिकारियो पर भी जिम्मेदारी तय की जाएगी। अध्यक्ष महोदय ने नगरआयुक्त को निर्देश दिया कि विशेष ड्राइव चलाकर नगर को अतिक्रमण से मुक्त करें। बैठक में जल जीवन हरियाली अभियान को लेकर की जा रही तैयारियों का भी जायजा लिया गया और इस संबंध में आवश्यक निर्देश दिए गए। इसके अतिरिक्त स्वास्थ्य, कल्याण, पथ निर्माण, पीएचईडी, कृषि, सहकारिता, मनरेगा, शौचालय निर्माण, पथ प्रमंडल 1 और 2, उत्पाद इत्यादि विभागों की भी समीक्षा की।

उन्होंने जल संरक्षण, जल संचयन, लघु सिंचाई, जल निकायों का पुनरुद्धार, पोखर निर्माण, सोक पिट आदि के क्रियान्वयन के भी निर्देश दिए साथ ही आहार ,पईन,नहर और पोखर आदि के उड़ाही एवं वृक्षारोपन को भी प्राथमिकता में शामिल करने की बात कही। बैठक में जिलाधिकारी आलोक रंजन घोष,वरीय पुलिस अधीक्षक जयंतकांत, नगर आयुक्त मनेश कुमार मीणा, विधायक मीनापुर, बरुराज, साहेबगंज, गायघाट, पारू और बोचहां, सकरा और कुढ़नी उपस्थित थे।एमएलसी दिनेश सिंह, जिला परिषद अध्यक्ष भी उपस्थित थी। इसके अतरिक्त जिले के सभी वरीय पदाधिकारी भी बैठक में शामिल थे।