भाजपा प्रदेश मुख्यालय के अटल बिहारी सभागार मे सन 1975 मे भारत मे लगाये गये “आ’पातकाल” के विरोध मे मंगलवार को “का’ला दिवस” मनाया गया. इस कार्यक्रम में बिहार के उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी,प्रदेश उपाध्यक्ष देवेश कुमार,कुम्हरार विधायक अरुण सिन्हा, सहित भाजपा के वरिष्ठ नेतागण संग तमाम कार्यकर्ता मौजूद रहे.

1975 की जब याद आती है ,रू’ह तक का’प जाते है,उस समय इंद्रा गांधी ने जिस तरह की स्थिति बना दी वो काफी दुर्भा’ग्यपूर्ण का जिसकी किसी ने कभी कल्पना भी नही किया था.

आम लोग निकलने में ड’रते थे,इस तरह का ड’र का मा’हौल बना कर छो’ड़ा की मैं बता नही सकता ,इंदिरा गांधी का आ’तंक के भ’य से सारे लोग ग्र’षित थे आज भी मुझे वह दिन याद है जब,देश मे सें’सरशिप लागू कर दिया गया.

हर अखर के दप्तर मे सरकार के न’मूने को बैठा दिया गया ,सरकार के इ’जाजत के बिना कोई खबर नही छा’प सकते,लेकिन उस समय इंडियन एक्सप्रेस के मालिक ने आवाज उठाई जब सारे अखर के मालिकों ने कांग्रेस के सामने आ’त्मसमर्पण कर दिया और उनके लिए काम करने लगे.

1 लाख से भी ज्यादा नेताओ को जे’ल में डा’ल दिया गया इस तरह का आ’तंक का म’हौल पै’दा कर दिया गया. साथ ही देश मे इम’रजेंसी लगा दिया गया,और कोई भी दु’शरी अपना प्रद’र्श भी नही कर सकते साफ तौर मे सांस भी गांधी के इजा’जत से नही ले सकते,1971 मे प्रचंड बहुमत से इंदिरा गांधी की सरकार बनी,लेकिन उसके बाद.

हा’लात ख’राब होने लगे लेकिन उस समय जयप्रकाश नारायण ने आवाज उठाई और जा’गरूकता फैलायी आप लोगो को साह’स प्रदान किया फिर क्या जब ऐसी अं’धी चली की कांग्रेस का स’फाया हो गया,और मजबूती से भाजपा की सरकार बनी,अभी जो बंगाल के स्थि’ती है वो बिल्कुल सन 1975 की याद दि’लाती है

1975 को आजादी की दुसरी ल’ड़ाई मानी जा सकती और आखिर कर जनता की जीत हुई,जब हमारी 2005 मे जब हमारी बिहार में सरकार बनी फौ’रन ह’मने फै’सला लिया उस समय जिन लोगों ने आवाज उठाई

और 6 महीने से जो जेल मे रहे उन्हें 10 हजार पें’शन और 1 महीने वाले को 5 हजार देने का काम करेगी और आज हमे खुशी है की हम 2943 से’नानियों को पें’शन देने का काम कर रहे है
