बगहा: नेपाल में आई बाढ़ और भारी तबाही के बीच बिहार की नदियों में असामान्य और विशाल आकार की मछलियां बहकर पहुंचने की खबरों को लेकर राज्य सरकार ने लोगों से कुछ दिनों तक मछली का सेवन नहीं करने या सावधानी बरतने की अपील की है. सरकार की ओर से लोगों को सतर्क रहने और ऐसी मछलियों का सेवन नहीं करने की सलाह दी गई है.
बिहार के मंत्री की लोगों से अपील
बिहार के मंत्री नंदकिशोर राम ने कहा कि संपूर्ण बिहारवासियों से आपके माध्यम से भी नम्रता के साथ निवेदन है कि ”थोड़े दिनों तक मछली न खाएं. इस बार उन्होंने ऐसी मछलियां देखी हैं, जिन्हें पहले कभी नहीं देखा गया था. इनका रंग-रूप स्थानीय स्तर पर पाई जाने वाली मछलियों से अलग है.”

हाथी की चमड़ी जैसा मछली का रंग : मंत्री
मंत्री ने एक मछली का उदाहरण देते हुए कहा कि उसका (मछली) रंग हाथी की चमड़ी जैसा दिखाई दे रहा था. सरकार और संबंधित विभाग ने एहतियात के तौर पर कुछ दिनों तक इन मछलियों का सेवन नहीं करने की सलाह दी है. उन्होंने कहा कि विभाग की ओर से इस संबंध में गाइडलाइंस भी जारी की गई है.
‘अभी कुछ दिन मछली नहीं खाएं’
मंत्री नंदकिशोर राम ने आशंका जताई कि यदि इन मछलियों के सेवन से किसी तरह की स्वास्थ्य समस्या सामने आती है तो सरकार इनके सेवन पर पूरी तरह रोक लगाने का फैसला कर सकती है.

मछली खाने से स्वास्थ्य में ये दिक्कतें संभव
उन्होंने संभावित लक्षणों का जिक्र करते हुए कहा कि मछली खाने के बाद चक्कर आना, उल्टी, पेट में दर्द और सांस लेने में परेशानी जैसी समस्याएं हो सकती हैं. हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट किया कि विभाग इस मामले की जांच कर रहा है.
क्यों जारी हुई चेतावनी?
- बाढ़ का पानी नालों, सीवरेज, गंदगी और मृतक जानवरों के संपर्क में आ सकता है.
- मछलियों के दूषित होने और उनमें वैक्टीरिया और अन्य रोगजनक होने का खतरा है.
सरकार की सलाह क्या है?
- जब तक ऐसी मछलियों की पहचान और उनकी खाद्य सुरक्षा की पुष्टि न हो, इन मछलियों को न खाएं. साथ ही इन्हें न बेचें और खरीदें.
- ऐसी मछलियां दिखाई देने पर स्थानीय प्रशासन या जिला मत्स्य पदाधिकारी को सूचित करें.

सोशल मीडिया पर दावा
- सोशल मीडिया पर इन मछलियों को आदमखोर और जहरीला बताने वाला दावा.
- अफवाहों पर भरोसा न करें, आधिकारिक जानकारी पर ही विश्वास करें.
बाढ़ के हालात पर नजर
चंपारण में नदियों के बढ़ते जलस्तर को लेकर मंत्री नंदकिशोर राम ने कहा कि जलस्तर बढ़ा है, हालांकि बीच में इसमें कमी भी आई थी. सरकार पूरे हालात पर नजर बनाए हुए है और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है. सरकार पूरी तरह सचेत है. हम लोगों ने आग्रह किया था कि जो लोग निचले इलाकों में हैं, वे सुरक्षित स्थानों पर चले जाएं.

जलस्तर बढ़ने पर सुरक्षित स्थान तलाश लें
मंत्री ने बिहारवासियों से अपील की कि यदि उनके क्षेत्र में जलस्तर बढ़ रहा है तो वे समय रहते अपने लिए सुरक्षित स्थान तलाश लें. सरकार बाढ़ प्रभावित लोगों के साथ खड़ी है और जरूरत के समय हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी.