पटना: केंद्रीय मंत्री और जदयू के वरिष्ठ नेता ललन सिंह शनिवार को पटना पहुंचे. जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को जैसे ही इसकी जानकारी मिली, उन्होंने उनके आवास पर जाकर मुलाकात की. दोनों के बीच लगभग आधे घंटे तक बातचीत हुई.

कितनी महत्वपूर्ण है यह मुलाकात
जदयू विधानमंडल दल के ओरिएंटेशन कार्यक्रम में ललन सिंह के नहीं आने के बाद कई तरह के कयास लगाए जा रहे थे. इसलिए नीतीश कुमार और ललन सिंह की इस मुलाकात को महत्वपूर्ण माना जा रहा है.

विधानमंडल दल की बैठक में कई नेताओं के अनुपस्थित रहने पर सवाल उठ रहे हैं. विशेष रूप से ललन सिंह को बैठक में नहीं बुलाए जाने पर कई तरह की चर्चाएं शुरू हैं. आधा दर्जन विधायकों ने भी बैठक में ललन सिंह को नहीं बुलाए जाने पर सवाल उठाया था.

वैसे ललन सिंह ने आज पटना पहुंचने पर मीडिया से बातचीत में सफाई भी दी है. उन्होंने पार्टी में किसी भी तरह की गुटबाजी से इनकार किया है. ललन सिंह ने साफ कहा कि उन्हें बैठक के बारे में जानकारी नहीं थी. वैसे स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने फोन किया था. मैंने भी संजय झा से बातचीत की थी. संजय झा ने इसे विधायकों की सामान्य बैठक बताया था.

अनंत सिंह का मामला
नीतीश कुमार और ललन सिंह के बीच हुई मुलाकात इसलिए भी खास है, क्योंकि मोकामा के विधायक अनंत सिंह, जो ललन सिंह के खास माने जाते हैं, उन्होंने एमएलसी चुनाव में नीरज कुमार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. ऐसे में नीतीश कुमार और ललन सिंह चाहेंगे तो अनंत सिंह की नाराजगी दूर हो सकती है. लेकिन ललन सिंह ने अनंत सिंह और नीरज कुमार के बीच जो विवाद है, उस पर फिलहाल पल्ला झाड़ लिया है.

बता दें कि आज शुक्रवार को जदयू की बैठक में ना ही ललन सिंह और ना ही अनंत सिंह शामिल हुए थे. अनंत सिंह खुलेआम घोषणा कर चुके हैं कि चुनाव में नीरज कुमार को हराएंगे और जमानत जब्त कराएंगे. नीरज कुमार ने चार बार मेरे खिलाफ काम किया है.

