कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के ट्रस्टियों की आज हो रही बैठक में ईपीएफ अकाउंट पर मिलने वाली सालाना ब्याज दर में बढ़ोत्तरी की है। संगठन ने इसकी दर को 0.10 फीसद बढ़ा दी है। अब अंशधारकों को भविष्य निधि पर 8.65 फीसद की दर से ब्याज मिलेगा। बता दें कि पिछले साल यह ब्याज दर 8.55 फीसद थी। संगठन के इस निर्णय से करीब छह करोड़ अंशधारकों को फायदा पहुंचेगा।
गुरुवार को रिटायरमेंट फंड बॉडी ईपीएफओ के सेंट्रल बोर्ड ऑफ ट्रस्टीज (सीबीटी) की हुई बैठक में फैसला किया गया। संगठन ने ब्याज दर में बढ़ोत्तरी करते हुए अंशधारकों को मुस्कराने का अवसर दे दिया। हालांकि माना भी जा रहा है कि इस निर्णय के पीछे जल्द होने वाले लोकसभा चुनाव की भी अहम भूमिका है।

देश में दिसंबर 2018 में संगठित क्षेत्र में 7.16 लाख रोजगार के अवसर पैदा हुए। यह इसका 16 माह का उच्चस्तर है। इससे पहले दिसंबर, 2017 में 2.37 लाख रोजगार के अवसरों का सृजन हुआ था। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) के ताजा रोजगार आंकड़ों में यह जानकारी दी गई है।
इसके अलावा ईपीएफओ ने सितंबर, 2017 से नवंबर, 2018 के कुल रोजगार आंकड़ों को 11.36 प्रतिशत घटाकर 65.15 लाख कर दिया है। पहले इसके 73.50 लाख रहने का अनुमान लगाया गया था। सबसे बड़ा संशोधन मार्च, 2018 के आंकड़ों में किया गया है। पिछले महीने पेश आंकड़ों में इसके 55,831 रहने का अनुमान लगाया गया था। अब इसे घटाकर 5,498 कर दिया गया है।
