पटना. जातीय जनगणना के मुद्दे पर सूबे में छिड़े सियासी संग्राम के बीच नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Nitish Kumar) से मिलने वाले है. इसके लिए तेजस्वी यादव को समय भी दे दिया गया है. सीएम की ओर से मुलाकात के लिए तेजस्वी यादव को शुक्रवार के दोपहर एक बजे का वक्त दिया गया है. इस दौरान दोनों नेताओं के बीच जातीय जनगणना सहित कई अहम मुद्दों पर बातचीत की सम्भावना है.
सत्ता पक्ष और विपक्ष में विभिन्न मुद्दों को लेकर जारी घमा’सान के बीच विधानमंडल के मौजूदा मानसून सत्र के दौरान नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से होने वाली मुलाकात को लेकर सियासी गलियारों में कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं. हालाँकि नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने साफ़ कर दिया है कि उनके मुलाकात की वजह जातीय जनगणना ही है.
गौरतलब है कि मौजूदा सत्र के पहले दिन ही तेजस्वी यादव ने विधानसभा में कहा था कि विधानसभा से पहले भी दो बार जातिगत जनगणना कराए जाने का सर्व सहमति से प्रस्ताव पेश कर केंद्र सरकार को भेजा गया है, इसलिए एक बार फिर से यह प्रस्ताव विधान सभा से केंद्र सरकार को भेजा जाए. उन्होंने इस मसले पर सीएम नीतीश के साथ देने की बात कही थी.

बताते चले कि जातीय जनगणना कराने के पीछे राजद का मत है कि अगर यह नहीं कराया गया तो पिछड़े अति पिछड़े हिंदुओं के आर्थिक और सामाजिक प्रगति का सही आकलन नहीं हो सकेगा. ऐसे में राजद ने कहा है कि जातीय जनगणना कराने के लिए बिहार विधानसभा की एक उच्च स्तरीय सर्वदलीय कमेटी प्रधानमंत्री से मिलकर अनुरोध करें. यदि भारत सरकार अड़ियल रवैया अपनाते हुए जातिगत जनगणना नहीं कराती है तो बिहार सरकार अपने संसाधनों से राज्य में जातीय जनगणना कराए.