KBC में 5 करोड़ रुपए जीतने वाले बिहार के सुशील कुमार अब क्‍यों हैं चर्चा में? जानें….

केबीसी सीजन 5 के विजेता और बिहार से करोड़पति बनने वाले सुशील कुमार एक बार फिर से सुर्खियों में हैं। केबीसी विनर सुशील के सुर्खियों में रहने की वजह इस बार उनका पर्यावरण प्रेम बना है। दरअसल सुशील इन दिनों विलुप्त होने के कगार पर पहुंच चुके घरेलू पक्षी गौरैया के संरक्षण पर जोर शोर से काम कर रहे हैं।

राज्य सरकार ने गौरैया को राजकीय पक्षी घोषित कर संरक्षण की दिशा में पहल किया, जिसे सुशील कुमार आगे बढा रहे हैं। सुशील मोतिहारी नगर से लेकर गांव तक जहां कभी गौरैया आती थी वहां घोंसला लगा रहे है।

प्रसिद्ध हुआ लेकिन कालान्तर में चम्पारण से चम्पा के जंगल विलुप्त हो गये।  इसी चम्पा के पौधों को लगाने के लिए केबीसी विजेता सुशील कुमार ने पिछले कई सालों से अभियान शुरु किया। इस दौरान पूर्वी चम्पारण में लाखों की संख्या में पौधे लगाये गये हैं जिससे उम्मीद जगने लगी है।

इस अभियान के साथ ही सुशील कुमार ने एक नाया अभियान शुरु किया है, वह है राजकीय पक्षी गौरैया के संरक्षण का. सुशील प्रतिदिन सुबह अपनी स्कूटी से किसी न किसी इलाके में निकल जाते हैं। स्कूटी में लटके झोला में गौरैया का घोंसला, कांटा और हथौडा रहता है। सुशील इन घोंसलों को पहले ऑनलाइन मंगाते थे लेकिन अधिक दाम होने के कारण सुशील ने घोंसले का निर्माण शुरु कराया और उन घोंसलों को जहां कभी भी गौरैया आती और रहती थी, उन स्थानों पर लगाना शुरु किया है।

सुशील बताते हैं कि गौरैया का घोंसला लगाने की प्रेरणा फेसबुक मित्र से मिली। अभियान को शुरु करने में थोड़ी परेशानी आयी लेकिन अब मोतिहारी नगर और ग्रामीण इलाकों से लोग फोन कर बुलाते हैं और घोंसला को लगाते हैं। सुशील बताते है कि वो अपने खर्च पर लोगों को मुफ्त में घोंसला उपलब्ध करा रहे है। एकौना चाणक्यपुरी मुहल्ला निवासी शैलेन्द्र मिश्र बाबा ने बताया कि सुशील कुमार के अभियान के बारे में जानकारी मिली। मेरे भी घर में गौरैया पूर्व में आती थी जि सकारण सुशील कुमार को अपने घर बुलाया और सुशील गौरैया का घोंसला लेकर आये, जिसे उन्होंने अपने घर में लगाया है।

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