पटना : बाढ़ और सूखे के कारण फसल बर्बाद होने पर कृषि इनपुट अनुदान के लिए 13.23 लाख किसानों ने कृषि विभाग में आवेदन दिया था। इनमें 12 लाख से अधिक किसानों को दो चरणों में अनुदान राशि का भुगतान कर दिया गया, लेकिन 85 हजार किसानों का अनुदान अब भी लंबित है। सर्वर की गड़बड़ी के कारण अनुदान का भुगतान नहीं हो पाया है।
कृषि सचिव की समीक्षा में तीसरी बार फिर गत सप्ताह भुगतान का निर्देश दिया गया है। अब उम्मीद है कि दो वर्ष से कृषि इनपुट अनुदान की आस लगाए 85 हजार से अधिक किसानों के खाते में जल्दी ही राहत राशि पहुंच जाएगी। नोडल पदाधिकारी ने किसानों के खाते में राशि ट्रांसफर करने के लिए शासन से दोबारा अनुमति मांगी है।
दो साल पहले मार्च में राज्य के विभिन्न जिलों में आई आंधी और बारिश से रबी की फसलों को भारी क्षति पहुंची थी। उसके बाद कृषि विभाग द्वारा कृषि इनपुट अनुदान के लिए 13 लाख 23 हजार 657 किसानों के लिए 534 करोड़ 90 लाख 42 हजार 868 राशि ट्रांसफर की गई थी। उसमें से एक लाख 18 हजार किसानों का ट्राजेंक्शन फेल हो गया था।
उसके बाद कृषि विभाग ने बचे हुए एक लाख किसानों को सहायता राशि देने का दोबारा प्रयास किया। पहले प्रयास में 510 करोड़ 20 लाख 10 हजार 336 रुपये ही किसानों के खाते में पहुंचे। 85 हजार 774 किसानों का ट्राजेंक्शन दोबारा फेल हो गया है।
इन किसानों के खाते में पैसा भेजने के लिए तीसरी बार प्रयास किया जा रहा है। नोडल पदाधिकारी डीबीटी ने इसकी अनुमति के लिए कृषि सचिव के समक्ष फाइल प्रस्तुत की है।
