पूर्णिया सिटी स्थित उर्स लाइन स्कूल में पढ़ाई करने वाली एक स्कूली छात्रा का वीडियो देखकर और उनकी बातों को सुनकर आप चौंक जाएंगे। बच्ची अजीब हरकत कर रही है और रोते चिल्लाते हुए अजीबोगरीब बातें कर रही है। वह कह रही है वह उर्स लाइन स्कूल की ही एक शिक्षिका थी। जो मर चुकी है और उनकी बेटी की भी मौत हो चुकी है। अपनी बेटी की तलाश में उनकी आत्मा भटक रही है। वह बेटी की तलाश कर रही है। वो किसी को भी नहीं छोड़ेगी जब तक उनकी बेटी नहीं मिल जाती।

बच्ची बता रही है कि वह मरने के बाद अब तक कई स्कूली बच्ची को मौत के घाट उतार चुकी है। बच्ची का यह वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। छात्रा की ऐसी हरकत देखकर और भूत प्रेत की बात सुनकर स्कूल में पढ़ने वाले छात्रों के अभिभावकों के होश उड़ गए हैं। वीडियो देखकर अभिभावक आननफानन में स्कूल पहुंचकर में अभिभावकों की भीड़ इकट्ठा हो गई।

हर कोई दंग है स्कूल के मैनेजमेंट को इसकी सूचना दी गई लेकिन जब वह अभिभावकों से नहीं मिले तो स्कूल में जोरदार हंगामा शुरू हो गया। आननफानन में इसकी सूचना सदर थाना पुलिस को दी गई। पुलिस मामले की जानकारी लेने स्कूल पहुंची। स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों के अविभावकों का कहना है कि स्कूल में भूत प्रेत का साया है। स्कूल में अक्सर ऐसी घटनाएं होते रहती है। कुछ लोग कह रहे हैं कि बच्ची के ऊपर भूत प्रेत का साया है तो कुछ लोग बोल रहे हैं कि वह मानसिक रोग से ग्रसित हैं। अच्छे डॉक्टर से उसकी इलाज कराने की जरूरत है। छात्रा के इस तरह के बातों से स्कूल के छात्र भयभीत है। सही मामला क्या है यह तो जांच से ही पता चलेगा।

डरावनी सीन बच्चे के दिमाग पर बुरा असर पड़ता है
इस मामले में मानसिक रोग विशेषज्ञ डाॅ. प्रणव प्रकाश चौधरी ने बताया कि बच्चों की मानसिकता काफी सेंसेटिव होती है। वह कोई बात को दिमाग में बैठा ले तो वैसाही हरकत करने लगता है। डरावनी घटना या सीन बच्चे के दिमाग पर बुरा असर पड़ता है। वायरल वीडियो में अजीबोगरीब हरकत करती बच्ची के ऊपर किसि भी भूत प्रेत का साया नहीं है। बच्ची मोबाइल या टीवी पर डरावना फिल्म देखती होगी या कोई घटना देखी होगी। उस बात को बच्ची के दिमाग में बैठ गया और वह अजीबोगरीब हरकत करने लगी है। यह एक मानसिक रोग है। इलाज कराने के बाद ठीक हो सकती है। इस बिमारी को हिस्ट्रीया या साईको भी कहा जाता है।

अभिभावकों के साथ बैठक
इधर, अभिभावकों के साथ उर्स लाइन इंग्लिश मीडियम स्कूल की प्रिंसिपल सुधांजलि ने बैठक कर अभिभावकों की बातें सुनी। अभिभावकों ने वायरल वीडियो में बच्ची के ऊपर किसी प्रेतात्मा का साया होने की चर्चा की और कहा कि इसको लेकर अभिभावकों में डर और चिंता का माहौल बन गया है। इसके लिए स्कूल परिसर में सर्वधर्म प्रार्थना का आयोजन होना चाहिए, क्योंकि स्कूल में सभी धर्मो व सम्प्रदायों के बच्चे पढ़ते हैं।

अभिभावकों ने बताया कि वायरल वीडियो के कारण ही अधिकांश अभिभावकों ने मंगलवार को अपने-अपने बच्चे स्कूल नहीं भेजे हैं। अभिभावकों ने प्रिसिंपल से समस्या का समाधान निकालने की मांग की। स्कूल की प्रिंसिपल सिस्टर सुधांजलि ने अभिभावकों से कहा कि आजतक स्कूल परिसर में कोई घटना नहीं हुई है। उन्होंने बताया कि स्कूल परिसर में कोई कब्र आदि भी नहीं है।
प्रिंसिपल ने कहा- भ्रम में न रहें
प्रिंसिपल ने अभिभावकों को सलाह दी कि वे इस भ्रम में न रहें। अभिभावकों की मनोदशा देखते हुए स्कूल प्रिंसिपल ने कक्षा 1 से लेकर 5 वर्ग तक का संचालन 10 तारीख तक के लिए बंद कर दिया है। प्रिंसिपल सुधांजलि ने अभिभावकों से कहा कि स्कूल में ऐसा कोई कब्र आदि नहीं है और स्कूल में न ही भूत आदि। उन्होंने कहा कि यह सब एक भ्रम व अंधविश्वास है। इसलिए इसपर ध्यान नहीं देना चाहिए। लेकिन अभिभावक पूजा-पाठ आदि कराने की जिद करने लगे।

कहा-जबतक वायरल वीडियो का कोई सामाधान स्कूल प्रबंधन की ओर से नहीं निकाला जाता है, तब तक हमलोग बच्चे को स्कूल कैसे भेजेंगे। बच्चे सुरक्षित रहेंगे तब तो स्कूल में पढ़ेगा। इस मौके पर अभिभावकों ने कई मांगें रखी। उन्होंने कहा कि इस विद्यालय में मौजूद कब्रिस्तान की यथाशीघ्र घेराबंदी की जाए। बच्चों की सुरक्षा के लिए वाशरूम के पास एक महिला गार्ड की उपस्थिति अनिवार्य हो।


