पटना की एक लड़की की ला’श गुड़गांव के एक फ्लैट से मिली है। उसका श’व पं’खे से लटका हुआ था। परिवार वालों का आ’रोप है कि उसके पति का किसी दूसरी महिला से अ’वैध संबंध था। वो अक्सर उसका वि’रोध करती थी। इसी के चलते उसके पति ने ह’त्या कर श’व पंखे से ल’टका दिया। ह’त्या को आ’त्मह’त्या बताने की कोशिश की।
लड़की के पिता ने बताया कि 10 तारीख से ही उससे बाद नहीं हो पा रही थी। इसके बाद दिल्ली में रह रहे उसके भाई को गुड़गांव भेजा। वो उसके फ्लैट पर गया तो देखा उसका श’व पं’खे से ल’टका मिला था। फ्लैट से रसोई गैस की ब’दबू आ रही थी। ऐसा लग रहा था कि श’व को ज’लाकर सबूत मि’टाने की प्ला’निंग थी।
लड़की पटना के रूकनपुरा की रहने वाली थी। मायके वालों ने घर से विदाई कराकर ले गए ससुर और पति के खिलाफ ह’त्या कर फं’दे से ल’टकाने का आ’रोप लगाया है। इसे लेकर मृ’तका की बहन और बुआ रूपसपुर थाने में आ’रोपितों के खि’लाफ मामला दर्ज कराने के लिए घंटों बैठी रहीं पर गुड़गांव का हवाला देकर पु’लिसकर्मियों ने उन्हें बैरंग लौ’टा दिया।
ससुराल वालों पर सुखी जीवन व्यतीत करने का द’बाव देने पर पिछले महीने उसके ससुर अभयानंद द्वारा उसकी विदाई करा कर पुत्र के पास पहुंचा दिया। मगर वहां निशा के पति ने उसे गुड़गांव अपने फ्लैट में नहीं रख उसे पीजी में रहने को मजबूर कर दिया। शनिवार काे वह उसे एक किराए के फ्लैट में ले गया। जहां रात में फोन से सभी परिजनाें से बात हुई। सुबह जब उसका फोन लगाया गया तो वह बंद मिला।
निशा की बहन अंजली कुमारी ने बताया कि अभी 1 महीने पहले निशा के इंजीनियर पति हरीश रंजन निशा कुमारी को लेकर दिल्ली चले गए थे। हफ्ते भर पहले निशा ने पीजी में ही रहकर उसने पति के लिए तीज का व्रत किया था। 9 सितंबर की रात निशा कुमारी से बात हुई थी। लेकिन 10 तारीख के बाद से उनसे बात होना बंद हो गया।
संदेह होने पर अपने भाई मनीष कुमार सिंह को जो दिल्ली में पढ़ाई करता था उसे निशा के घर भेजा। वह कमरे में गया तो रसोई गैस की महक आ रही थी। इस बीच उसकी नजर उसकी बहन पर पड़ी जो पंखे से ल’टक रही थी। भाई मनीष कुमार का कहना है कि प्रतीत होता है कि उसके जीजा ने निशा की ह’त्या श’व को ल’टका दिया। इसके बाद आग लगाकर साक्ष्य को खत्म करना चाहता था। लेकिन इससे पहले वह पहुंच गया।
