पटना। कई दिनों तक मौसम सुहावना रहने के बाद अब तेवर बदलने के आसार हैं। ऐसा दक्षिण-पश्चिम मानसून की वजह से हो रहा है। मानसून ने देश के पश्चिमी हिस्से से लौटने का संकेत दे दिया है। इसके मद्देनजर धीरे-धीरे प्रदेश में बारिश की संभावनाओं में कमी आती नजर आ रही है। बुधवार को प्रदेश के अधिकांश क्षेत्रों में हल्की एवं मध्यम दर्जे की बारिश रिकार्ड की गई। गुरुवार को भी प्रदेश में हल्की बारिश के आसार हैं।
बुधवार को प्रदेश में स’र्वाधिक बारिश गया जिले के तरारी में रिकार्ड की गई। वहां पर 46 मिलीमीटर बारिश हुई है। वहीं नवादा के कौवाकाेल में 36, चरपोखरी में 34 मिलीमीटर बारिश रिकार्ड की गई है। पटना मौसम विज्ञान केंद्र के मौसम विज्ञानी संजय कुमार एवं हरिनारायण का कहना है कि देश के विभिन्न क्षेत्रों से मानसून लौट रहा है।
ऐसे में बारिश में कमी आना स्वभाविक है। राज्य में 30 सितंबर तक मानसून की बारिश हो सकती है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार गुरुवार को प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में मेघ गर्जन के साथ व’ज्रपात हो सकता है। ऐसे में लोगों को विशेष सावधान रहने की जरूरत है। मेघगर्जन के दौरान लोग सु’रक्षित घरों में शरण ले।
बुधवार को प्रदेश में सर्वाधिक बारिश गया जिले के तरारी में रिकार्ड की गई। वहां पर 46 मिलीमीटर बारिश हुई है। वहीं नवादा के कौवाकाेल में 36, चरपोखरी में 34 मिलीमीटर बारिश रिकार्ड की गई है। मौसम विज्ञानी का कहना है कि देश के विभिन्न क्षेत्रों से मानसून लौट रहा है। ऐसे में बारिश में कमी आना स्वभाविक है।
राज्य में 30 सितंबर तक मानसून की बारिश हो सकती है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार गुरुवार को प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में मेघ गर्जन के साथ व’ज्रपात हो सकता है। ऐसे में लोगों को विशेष सा’वधान रहने की जरूरत है। मेघगर्जन के दौरान लोग सु’रक्षित घरों में शरण ले। काफी रा’हत मिल सकती है।



