मुजफ्फरपुर : एलआइसी के 40 पॉलिसी से हुए फ’र्जीवाड़े की जांच में मिठनपुरा पुलिस जुट गई है। केस के आइओ पीएसआई पंकज कुमार ने जब छानबीन शुरू की तो पता चला कि मुजफ्फरपुर मंडल कार्यालय के तत्कालीन उच्च स्तरीय सहायक सतीश कुमार ने मुजफ्फरपुर में ही नहीं, गोपालगंज में बड़ा फ’र्जीवाड़ा किया है।
उस पर गोपालगंज में भी एक करोड़ 16 लाख रुपये के फ’र्जीवाड़ा का के’स दर्ज है। यह जानकारी गोपालगंज से मिठनपुरा थाने पहुंचे एलआइसी के एक अधिकारी ने दी है।
सतीश कुमार वर्तमान में भारतीय जीवन बीमा निगम में कानपुर मंडल में सहायक प्रशासनिक पदाधिकारी के पद पर का’र्यरत है।एलआइसी के अधिकारी ने इसकी जानकारी दी कि सतीश कुमार ने कई सहयोगियों के क एम्पलाई कोड का गलत इस्तेमाल कर राशि का भुगतान टेंट हाउस संचालकों के खाते में कर दिया।
इसके अलावा उसके द्वारा कई महिलाओं के बैंक खातों में राशि के भुगतान की भी पुष्टि हुई है। सतीश ने बीमा दावा भुगतान गोपालगंज जिला के बीमा धारक के नॉमिनी या उत्तराधिकारी के खाते में करने के बाद दूसरी बार मुजफ्फरपुर जिला में तुर्की, करजा, सरैया और पोखरैरा के विभिन्न बैंक खातों में किया है।
इसी तरह वैशाली जिला में लालगंज के अलावा कई बैंक शाखाओं में विभिन्न लोगों के खाते दो से पांच लाख रुपये तक का भुगतान कर दिया। इस प्रकरण में एलआइसी के मंडल प्रबंधक सुशांत पानीग्राही से मोबाइल नंबर, व्हाट्सएप नंबर और संदेश के माध्यम से संपर्क का प्रयास किया गया, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली।
इसके अलावा सतीश कुमार ने मुजफ्फरपुर से लेकर गोपालगंज शाखा के कई सहकर्मियों के एंप्लाई कोड का दुरुपयोग कर बीमा धारकों के नॉमिनी के बजाय दूसरों के बैंक खाते में राशि भेज दी।
इसमें अब कई शाखा प्रबंधक, कैशियर, सहायक और सहायक प्रशासनिक अधिकारियों के एंप्लाई कोड के गलत तरीके से इस्तेमाल की जानकारी मिली है। इसकी जांच गोपालगंज पुलिस सीबीआइ को सौंपने की तैयारी कर रही है।


