मुजफ्फरपुर : साढ़े तेरह हजार कर्मी जिले में जाति आधारित गणना करेंगे। इसके तहत लोगों को नौ तरह के फॉर्म पर जानकारी देनी होगी। इसके लिए तैयारी शुरू हो गई है।
सात से लेकर 21 जनवरी तक शहरी व ग्रामीण क्षेत्र में जाति आधारित गणना होगी। इस दौरान 11 हजार 307 प्रगणक एवं दो हजार 267 पर्यवेक्षक जाति आधारित गणना करेंगे।
फॉर्म के साथ प्रगणक घर-घर दस्तक देंगे। गणना में शामिल होने वाले कर्मियों व अधिकारियों को 15 दिसंबर से पटना में ट्रेनिंग दी गई है। राज्य स्तरीय ट्रेनिंग के बाद जिला व प्रखंडों में भी कर्मियों व अधिकारियों को ट्रेनिंग दी जाएगी।
जाति आधारित गणना के लिए जिला योजना कार्यालय की ओर से फॉर्मो की छपाई की तैयारी शुरू कर दी गई है। प्रधान गणना अधिकारी सह डीएम प्रणव कुमार ने फॉर्म छपाई के लिए टेंडर जारी किया है।
ए-फोर साइज में नौ तरह की फॉर्मो की छपाई होगी। दिसंबर तक फॉर्म की छपाई पूरी कर ली जाएगी। प्रखंडों में बीडीओ की देखरेख में गणना की जाएगी। जिला प्रशासन की ओर से गणना कोषांग का गठन किया गया है। इसने कलेक्ट्रेट परिसर स्थित कार्यालय में कामकाज शुरू कर दिया है।
गणना के लिए जिले को 27 जोन में बांटा जाएगा। शहरी क्षेत्र नगर निगम के अधीन होगा। इसके अलावा 16 प्रखंड व नगर पंचायत व नगर परिषद समेत 27 क्षेत्र में अलग-अलग प्रगणक व पर्यवेक्षकों की तैनाती की जाएगी।

व्यक्तिगत के अलावा आवास समेत आदि जानकारी के लिए प्रगणक सात जनवरी से घर-घर दस्तक देंगे। जिला सांख्यिकी पदाधिकारी रंजीत सिन्हा ने बताया कि जिले में सात से 21 जनवरी के बीच जाति आधारित गणना होनी है। इसके लिए तेजी से तैयारी की जा रही है। ट्रेनिंग के बाद प्रगणक व पर्यवेक्षक कार्य शुरू कर देंगे।



