श’राबी पति के कारण उठाया ह’थियार, 21 FIR, फिल्मों जैसी है 50 हजार की इनामी महिला न’क्सली की कहानी

जमुई. जमुई पुलिस ने नक्सली का भेष बना नक्सली संगठन भाकपा माओवादी की इनामी महिला कमांडर रेणुका मुर्मू उर्फ रेणुका को गिरफ्तार किया है. उसकी गिरफ्तारी झारखंड के जसीडीह इलाके से हुई. गिरफ्तार की गई महिला नक्सली रेणुका पर 50 हजार की इनाम सरकार ने रखा था. उसके खिलाफ रंगदारी, फिरौती, लेवी और हत्या को लेकर झारखंड के जिलों के अलावा बिहार के जमुई, लखीसराय और मुंगेर में दो दर्जन से भी अधिक केस दर्ज हैं. महिला कमांडर रेणुका भाकपा माओवादी नक्सली संगठन की जोनल सदस्य भी है साथ ही नक्सली संगठन के शीर्ष नेता भाकपा माओवादी जोनल कमिटी सचिव प्रवेश उर्फ अनुज उर्फ सहदेव सोरेन की पत्नी है.

50 हजार की इनामी नक्सली रेणुका की गिरफ्तारी के बारे में जानकारी देते एसपी

जहां से रेणुका की गिरफ्तारी हुई, वहां से पुलिस ने ज्योति सोरेन नाम के एक शख्स को गिरफ्तार किया है जो जमुई जेल में बंद नक्सली बबलू संथाल का भाई है, उससे भी पूछताछ की जा रही है. मुंगेर जिले के धरहरा प्रखंड इलाके के सराधी गांव की रहने वाली रेणुका की नक्सली बनने की कहानी बड़ी दिलचस्प है. रेणुका की शादी उसके मायके से 3 किलोमीटर दूर मुंगेर जिले के ही जतकुटिया गांव के नागेश्वर कोड़ा से हुई थी. शादी के बाद से ही उसका शराबी पति उसे प्रताड़ित कर मारपीट करता था. शादी के कुछ ही दिन बाद से वह पति से अलग रहती थी. पति की प्रताड़ना से तंग आकर ही वह नक्सलियों के शीर्ष प्रवेश के साथ जुड़ गई.

उसने नक्सली संगठन के साथ जुड़कर इलाके के कई अन्य युवकों को भी संगठन से जोड़ा. बताया जा रहा है कि शादी के बाद रेणुका ज्यादा दिन अपने ससुराल में नहीं रही. शराबी पति की मारपीट और प्रताड़ना से बदला लेने के लिए वह नक्सली संगठन से जुड़ गई थी. इसके बाद बीते डेढ़ दशक से लगातार नक्सलियों के साथ ही रह रही है. महिला नक्सली कमांडर रेणुका का मुंगेर जिले के जिस थाना क्षेत्र में मायके और ससुराल है उस लड़ाईयाटांड़ थाना में इसके खिलाफ अलग-अलग मामले दर्ज हैं. बताया यह भी जा रहा है कि नक्सली संगठन से जुड़ने के बाद उसकी जिम्मेदारी खाना बनाने के लिए दी गई थी, जहां वह नक्सली के शीर्ष नेता प्रवेश का खाना बनाती थी.

खाना बनाने के दौरान ही वह प्रवेश के वह करीब हो गई और उसी के साथ पत्नी की तरह रहने लगी. बीते दिनों में मुंगेर जिले के जंगलों में पुलिस और नक्सलियों के साथ हुई मुठभेड़ में भी प्रवेश के साथ रेणुका मौजूद थी. इस मुठभेड़ में सैकड़ों राउंड गोलियां चली थी. बताया जा रहा है कि मुठभेड़ के बाद गिरफ्तारी के डर से रेणुका बिहार झारखंड के सीमा क्षेत्र में छिपकर रह रही थी, जहां से जमुई पुलिस की विशेष टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया. रेणुका जमुई जिले के बरहट इलाके के कोईवा गांव में सीआरपीएफ के जवान की हत्या कांड में भी अभियुक्त है. तब जवान सिकंदर यादव अपनी बेटी की जन्मदिन मनाने छुट्टी पर घर आया हुआ था.

जमुई एसपी शौर्य सुमन ने बताया कि सूचना के बाद विशेष अभियान चला झारखंड पुलिस के सहयोग से यह सफलता मिली है. सूचना थी कि नक्सलियों का दस्ता उस इलाके में बड़ी घटना को अंजाम देने वाला है और इनके पास हथियार भी हैं. फिर भी जान जोखिम में डाल पुलिस मौके का रेकी करते हुए नक्सली भेष धारण कर पहुंची और 50 हजार की इनामी रेणुका को गिरफ्तार कर लिया गया. जल्द ही फरार चल रहे नक्सली नेता अरविंद यादव और प्रवेश की भी गिरफ्तारी होगी.

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Discover more from Muzaffarpur News

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading