मोतिहारी: बिहार के मोतिहारी से साइबर फ्रॉड गिरफ्तार हुआ है. आदापुर थाना पुलिस की सहयोग से छत्तीसगढ़ पुलिस ने इस फ्रॉड को गिरफ्तार करने में सफलता पाई है. बताया जाता है कि छत्तीसगढ़ क्राइम ब्रांच को गुप्त सूचना मिली थी कि अपराधी मोतिहारी में छिपा हुआ है. जिसके बाद छत्तीसगढ़ पुलिस की टीम ने मोतिहारी में दबिश दी और जिला पुलिस के साथ मिलकर साइबर अपराधी को गिरफ्तार कर लिया.
सात लाख रुपये की ठगी का आरोप
पुलिस ने बताया कि छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिलांतर्गत सीतापुर थाना के लिचिरमा गांव निवासी सेवपति पैकरा से साइबर फ्रॉड करने वाले लोगों ने पच्चीस लाख रुपये इनाम के नाम पर सात लाख रुपये की ऑनलाइन ठगी की थी. जब महिला को खुद के साथ ठगी होने की जानकारी मिली, तब उसने पुल से कूदकर अपनी जान दे दी. इसी मामले में सीतापुर थाना में एक मामला दर्ज हुआ था. इसी मामले के अनुसंधान में बेतिया निवासी मो. रेयाज उर्फ मो. वलीउल्लाह रेयाज का नाम पुलिस के सामने आया था.
बेतिया का रहने वाला है आरोपीछत्तीसगढ़ पुलिस की क्राइम ब्रांच टीम ने साइबर फ्रॉड गिरोह के सरगना मो. रेयाज को आदापुर थाना क्षेत्र अंतर्गत कलवारी मझरिया में छुपे होने की खबर मिली. यह सूचना मिलने के बाद एसपी कांतेश कुमार मिश्रा ने रामगढ़वा थानाध्यक्ष इंद्रजीत पासवान के सहयोग से आदापुर थाना क्षेत्र के कलवारी मझरिया में छापेमारी की और मो. रेयाज को गिरफ्तार किया. पुलिस की गिरफ्त में आने के बाद फ्रॉड ने बताया कि वह पश्चिमी चंपारण अंतर्गत मझौलिया थाना क्षेत्र के जौकटिया गांव का निवासी है. अभी वह अपने ससुराल में था. छत्तीसगढ़ पुलिस ने गिरफ्तारी के बाद उसे न्यायिक प्रक्रिया के बाद अपने साथ लेकर चली गई.