बिहार : छठ पूजा का पर्व पूरे देश में धूमधाम के साथ मनाया जाता है. हिंदू पंचांग के मुताबिक छठ पूजा का पर्व कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि को मनाया जाता है. यह पर्व प्रत्येक साल दीपावली के 6 दिन बाद मनाया जाता है. इतना ही नहीं इस दिन सूर्य देव और छठ मइया के विधि विधान पूर्वक पूजा आराधना की जाती है. उन्हें अर्ध दिया जाता है. कहा जाता है ऐसा करने से संतान की लंबी आयु होती है. महिलाएं 36 घंटे का व्रत भी रखती है. ज्योतिष गणना के मुताबिक इस दिन कुछ उपाय करने से छठी माता की विशेष कृपा प्राप्त होती है तो चलिए जानते हैं छठ पूजा में कौन सा उपाय करना चाहिए.

इस बार छठ का महापर्व 19 नवम्बर को मनाया जाएगा.चार दिवसीय इस व्रत की शुरुआत नहाय खाय से 17 नवम्बर से होगी.17 नवम्बर दिन शुक्रवार को नहाय खाएं तो 18 नवम्बर दिन शनिवार खरना. इसके अलावा 19 नवम्बर दिन रविवार को छठ पूजा (डूबते हुए सूर्य को अर्घ) तो वही 20 नवंबर दिन सोमवार को उगते हुए सूर्य को अर्घ के साथ इसका समापन होता है.
छठ पूजा के दिन करें ये उपाय
छठ पर्व के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान करें. इसके बाद पूर्व दिशा में मुख करके कुश के आसन पर बैठें. एक पटरे पर सफेद कपड़ा बिछाएं और उसके ऊपर सूर्यदेव का चित्र स्थापित करें. पंचोपचार से सूर्यदेव की पूजा करें और उन्हें गुड़ का भोग लगाएं. सूर्य देव की पूजा में उन्हें लाल फूल जरूर चढ़ाएं.
ऐसा करने से सूर्यदेव होंगे प्रसन्न
छठ पर्व के दिन सुबह स्नान करने के तुरंत बाद सूर्य भगवान को अर्घ्य दें, इसके बाद गुड़ और कच्चे चावल को बहते हुए जल में प्रवाहित करें. सूर्यदेव को प्रसन्न करने के लिए इस दिन पके हुए चावल में गुड़ और दूध मिलाकर खाना चाहिए. इससे सूर्यदेव प्रसन्न होते हैं.छठ पर्व की सुबह जल्दी उठकर स्नान करने के बाद सूर्य को अर्घ्य दें और पूर्व दिशा की ओर मुख करके कुश के आसन पर बैठ जाएं. अब रुद्राक्ष की माला से सूर्य के मंत्र का जाप करें.

छठ के दिन तांबे का सिक्का या तांबे का चौकोर टुकड़ा बहते जल में प्रवाहित करने से भी सूर्य दोष कम होता है. इसके साथ-साथ लाल कपड़े में गेहूं और गुड़ बांधकर दान देने से भी सारी मनोकामनाएं पूरी होती हैं.