मुजफ्फरपुर: बंगाली समाज की ओर से गन्नीपुर स्थित श्री श्री मां श्यामा काली मंदिर में दीपावली पर बंगाल से ढाक कलाकारों को आमंत्रित किया था। जहां कलाकरों ने धुनुची नृत्य के साथ माता की सामूहिक आरती कर दर्शकों को मंत्र मुक्त किया। इस महाआरती को इस 63 वर्षों से बड़े ही धूमधाम से मनाया जाता है।
मंदिर के पुरोहित भरत चक्रवर्ती ने बताया कि 1961 से मंदिर में पूजा हो रही है। ऐसे तो साल भर श्रद्धालु पूजा-पाठ करते हैं, दीपावली के तीन दिनों में मंदिर में महोत्सव के रूप में माता की पूजा की जाती है। पहले दिन 12 नवंबर को दीपावली की रात्रि 12 बजे से निशा पूजा की गई , इसके बाद 13 नवंबर की शाम बंगाल से आए कलाकारों ने ढाक बजाकर धुनुची नृत्य के साथ भव्य आरती की। साथ ही आज 14 नवंबर को शाम 8 बजे से मंदिर में महा भंडारा का आयोजन किया गया है। \
पुरोहित भरत चक्रवर्ती ने बताया कि मंदिर का संचालन बंगाली समाज की ओर से किया जाता है। इस दौरान कमेटी के सदस्य पूजा समिति – राम कृष्ण पाल, सुमित कुमार, रौशन , शेषनाथ , कुणाल,आनंद,आकाश ,नारायण, विकाश , सौरव , सचिन , प्रशांत पीयूष , गौरव , सूरज , राकेश , अनिकेत , शशि , कनाही , रंजीत , रितिक , रोहित , राजा , अमन , पिंटू रोहित , समीर , सोनू , प्रेम , रोहित , लकी , रोहित , मोहित , वंश, सुशील ,आदित्य एवं अन्य सदस्यों का कार्यक्रम को सफल बनाने में अहम योगदान रहा।


