जानें बाहुबली शंकर सिंह को जिन्होंने रुपौली उपचुनाव में सीएम नीतीश और लालू यादव को चटाई धूल

पूर्णिया: साल 2005 के बिहार विधानसभा चुनाव में पहली बार चिराग पासवान पार्टी लोक जनशक्ति पार्टी (तब एलजेपी में टूट नहीं हुई थी) से रुपौली में जीत हासिल कर आरजेडी और एनडीए को शिकस्त देने वाले शंकर सिंह ने एक बार फिर आरजेडी और एनडीए को रुपौली में धूल चटा दी है. हालांकि इस बार उनको चिराग ने टिकट नहीं दिया, जिस वजह से उन्होंने बगावत कर दी और निर्दलीय ही ताल ठोंक दिया. अपने फैसले को न केवल उन्होंने सही साबित किया, बल्कि 19 साल बाद फिर से इतिहार को दोहरा दिया.

Shankar Singh won in Rupauliनिर्दलीय ही आरजेडी-जेडीयू को हराया

एक तरफ जहां सत्ताधारी जनता दल यूनाइटेड की अगुवाई वाला एनडीए था, वहीं दूसरी तरफ आरजेडी की अगुवाई वाला महागठबंधन था लेकिन इसके बावजूद उनको कोई हरा नहीं पाया. निर्दलीय होने के बावजूद उन्होंने अच्छे अंतर से जेडीयू कैंडिडेट कलाधर मंडल को हरा दिया. वहीं, 5 बार की विधायक रहने वाली बीमा भारती को तीसरे स्थान पर धकेल दिया. आरजेडी प्रत्याशी बीमा भारती को पूर्णिया सांसद पप्पू यादव का समर्थन भी हारने से बचा नहीं पाया.

बाहुबली छवि के नेता शंकर

बाहुबली छवि के शंकर सिंह अपने इलाके में काफी लोकप्रिय हैं. बीमा भारती के पति अवेधश मंडल भी बाहुबली हैं. जब भी दोनों के बीच आमने-सामने की लड़ाई होती थी, 2005 को छोड़ दिया जाए तो हमेशा अवधेश और बीमा भारती उनपर भारी साबिह हुए लेकिन इस बार निर्दलीय ही उन्होंने अपने ‘बाहुबल’ से सत्ता और विपक्ष दोनों को धूल चटा दिया.

कौन हैं शंकर सिंह?

रुपौली विधानसभा सीट पर निर्दलीय कैंडिडेट के तौर पर चुनाव जीतने वाले शंकर सिंह बाहुबली छवि के नेता माने जाते हैं. कथित रूप से इलाके में वह लिबरेशन आर्मा नामक गिरोह चलाते हैं. 2005 में फरवरी वाले बिहार विधानसभा चुनाव में उन्होंने रामविलास पासवान की अगुवाई वाली लोक जनशक्ति पार्टी के टिकट पर जीत हासिल की थी. हालांकि नवंबर 2005 के चुनाव में उनको बीमा भारती से हार का सामना करना पड़ा था. अगड़ी जाति (राजपूत) से आने वाले शंकर सिंह की गंगौता समाज से आने वाली बीमा भारती के बाहुबली पति अवधेश मंडल के वर्चस्व की लड़ाई चलती रही है. दोनों की रंजिश में कई लोगों की जानें जा चुकी है.
सुशांत सिंह राजपूत पर क्या बोले शंकर सिंह?
दिवंगत अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत के पैतृक गांव मलडीहा में भी शंकर सिंह को भरपूर समर्थन मिला है. वहीं, शंकर सिंह ने चुनावी नतीजे से पहले ही ऐलान कर दिया था कि अगर वह चुनाव जीतते हैं तो सुशांत सिंह राजपूत के गांव पर विशेष ध्यान रहेगा.

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Discover more from Muzaffarpur News

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading