स्टूडेंट के एडमिशन वापस लेने पर कॉलेज को लौटानी होगी फीस, वरना….

विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने छात्रों व अभिभावकों की शिकायतों के बाद फीस रिफंड के लिए पॉलिसी बनाई है.फीस रिफंड पॉलिसी 2024 को पहले की पॉलिसी की अपेक्षा काफी सख्त बनाया गया है.15 दिन में अंदर विद्यार्थी सीट छोड़ते है तो कॉलेज को पूरी फीस लौटानी होगी.इस नीति से सभी संस्थानों को अवगत कराते हुए इसका पालन सुनिश्चित करने को कहा गया है.मालूम हो कि वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय में भी स्नातक में अभी एडमिशन हो रहा है. ऐसे में यूजीसी का यह नियम सभी विद्यार्थियों को जानना आवश्यक है.

Photo Gallery

नई पॉलिसी के अनुसार अगर निर्धारित अवधि में किसी भी विद्यार्थी का शुल्क अगर कॉलेज नहीं लौटाते हैं, तो उस कॉलेज की मान्यता भी रद्द हो सकती है.दरसअल दाखिला लेने के बाद कुछ विद्यार्थी नाम कटा लेते हैं और उसके बाद वे अपना शुल्क वापसी की मांग करते हैं, तो संस्थान की ओर से शुल्क नहीं लौटाया जाता है. इस पर यूजीसी को लगातार कई जगहों से शिकायतें मिलती रही हैं.

इस स्थिति में कॉलेज की मान्यता हो जाएगी रद्द
छात्र और अभिभावक उच्च शिक्षा संस्थानों की ओर से प्रवेश रद्द करने या वापस लेने पर फीस वापस न करने के बारे में कई शिकायतें कर रहे थे.इसे देखते हुए यूजीसी ने 2024-25 शैक्षणिक वर्ष के लिए एक रिफंड नीति बनाई है. पूर्व की नीति से इस बार इसे सख्त किया गया है. इस बाबत नोटिस जारी किया है. इस नोटिस में उन नियमों और कायदे कानन का हवाला दिया गया है, जिसके तहत फीस नहीं लौटाने की स्थिति में कॉलेज की मान्यता रद्द करने का जिक्र है.

किस स्थिति में और किस अवधि तक फीस होगा रिफंड
यूजीसी को कई छात्रों और अभिभावकों से इस बात कि शिकायत मिली थी कि अपरिहार्य कारणों में यदि कोई छात्र संस्थान से अपना नाम वापस ले लेता है तो उसे नियमों के दायरे के मुताबिक कॉलेस से फीस वापस नहीं हो रही है. अब नोटिस के मुताबिक दाखिला प्रवेश की अंतिम तिथि अधिसूचित होने से 15 दिन या इससे पहले सीट छोड़ने पर 100 फीसदी फीस वापस होगी.

इसके साथ ही दाखिला प्रवेश की अंतिम तिथि अधिसूचित होने से 15 दिन से कम पर 90 फीसदी फीस वापस होगी. दाखिला प्रवेश की अंतिम तिथि अधिसूचित होने के बाद के 15 दिन पर 80 फीसदी वापस होगी. इससे इतर 15 से 30 दिन के बीच में 50 फीसदी वापस मिलेगी.दाखिले के एक महीने या 30 दिन बीतने के बाद कोई फीस वापस नहीं होगी.

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Discover more from Muzaffarpur News

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading