सड़क हादसों में कमी लाने के लिए शहर से लेकर ग्रामीण सड़कों तक अब स्पीड मीटर लगाने की तैयारी शुरू कर दी गई है।पूर्व से भी कई सड़कों पर इसे लगाया गया है, लेकिन वाहन चालक निर्धारित गति से वाहन नहीं चलाते हैं। इस कारण हादसों पर ब्रेक नहीं लग रहा है। अब निर्धारित गति से अधिक तेज वाहन चलाने पर जुर्माना भी लगाया जाएगा। इससे बचने का सिर्फ एक ही एक उपाय है। वह है निर्धारित गति में वाहन को चलाना।
पथ निर्माण विभाग और ग्रामीण कार्य विभाग ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है। जहां-जहां स्पीड मीटर का साइन लगाया जाएगा। वहां पर कैमरे भी लगाने की बात चल रही है। ताकि तेज गति से वाहन चलाने पर कैमरे की मदद से चालान कट सके।

तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन
दरअसल, पटना में इसको लेकर तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें जिले से पथ निर्माण विभाग और ग्रामीण कार्य विभाग के कार्यपालक अभियंता शामिल हुए। प्रशिक्षण के दौरान सड़क सुरक्षा को लेकर उक्त बातों से अवगत कराया गया।

इसमें ट्रैफिक और पुलिस के भी अधिकारी मौजूद रहे। सड़क हादसा होने पर संबंधित विभाग की जांच में निर्माण विभाग के द्वारा भी सहयोग करने की बात कही गई। इसे लेकर भी प्रशिक्षण दिया गया।

साइनेज और जेब्रा क्रासिंग पर फोकस
सड़कों पर जेब्रा क्रासिंग और साइनेज लगाने पर मुख्य रूप से फोकस किया गया। इसे अनिवार्य रूप से सभी सड़कों पर लागू करने को कहा गया। शहरी क्षेत्र की सड़कों पर तो पूर्व से कई जगहों पर कैमरे भी लगे हैं।

इसके अलावा आवश्यकतानुसार अन्य जगहों पर भी कैमरे लगाकर चालान काटा जाएगा। जबकि ग्रामीण इलाकों में गति सीमा का साइनेज लगाने के बाद विभाग की ओर इसे लेकर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। इसमें मुख्य रूप से युवाओं को शामिल कर उन्हें जागरूक किया जाएगा। सड़क सुरक्षा के नियमों से अवगत कराया जाएगा।

