बिहार के भागलपुर में किसान सम्मान निधि की 19वीं किस्त जारी करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रीय जनता दल के सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव पर बड़ा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पशुओं का चारा खाने वाले लोग कभी भी किसानों का भला नहीं कर सकते। पीएम की सभा से पहले लालू यादव ने ट्वीट कर कहा था कि आज बिहार में फिर झूठ और जुमलों की बरसात होगी। पीएम ने खुले मंच से इसका मुंहतोड़ जवाब दे दिया।

भागलपुर के हवाई अड्डा मैदान नें आयोजित किसानों की सभा को संबोधित करते हुए पीएम ने याद दिलाया कि मैंने लाल किले से कहा है कि विकसित भारत के चार मजबूत स्तंभ हैं- गरीब, अन्नदाता किसान, नौजवान और नारी शक्ति। एनडीए सरकार चाहे केंद्र में हो या राज्य में, किसान कल्याण हमारी प्राथमिकता में है। बीते दशक में हमने किसानों की हर समस्या के समाधान के लिए पूरी शक्ति के साथ काम किया है।

किसान को खेती के लिए अच्छे बीज चाहिए, पर्याप्त सस्ती खाद चाहिए, किसानों को सिंचाई की सुविधा चाहिए, पशुओं की बीमारी से बचाव चाहिए और आपदा के समय नुकसान से सुरक्षा चाहिए। इन सभी पहलुओं को लेकर किसान संकट से घिरे रहते थे।

जो लोग पशुओं का चारा खा सकते हैं वे इन स्थितियों को कभी नहीं समझ सकते। एनडीए सरकार ने स्थिति को समझा और बदला है बीते वर्षों में हमने आधुनिक किस्म के बीच किसानों को दिए हैं। पहले खाद की चोरी होती थी और किसानों को लाठी मारी जाती थी। आज उन्हें पर्याप्त खाद मिलती है।

पीएम ने कहा कि आज भी बरौनी खाद कारखाना बंद पड़ा होता। दुनिया के अनेक देशों में खाद की बोरी जो 3000 की मिल रही है, आज हम किसानों को 300 से कम में देते हैं। एऩडीए सरकार न होती तो यूरिया की एक बड़ी भी आपको 3000 के मिलते। हमारी सरकार किसानों के बारे में सोचती है।

उनकी भलाई के लिए काम करती है। इसलिए यूरिया और डीएपी का जो पैसा किसानों को खर्च करना था वह केंद्र सरकार खुद खुद कर रही है। बीते 10 सालों में करीब 12 लाख करोड रुपए जो खाद खरीद के लिए आपके जेब से जाने थे वह बच गए वह केंद्र सरकार ने बजट में से दिए।