बिहार : बिहार में राजनीतिक गतिविधियां तेज हैं और इस बात की काफी चर्चा है कि राज्य में अगली सरकार कैसी होगी और इसका गठन कब तक होगा। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार राज्यसभा के लिए चुने जा चुके हैं लिहाजा वो जल्द ही अपने पद से इस्तीफा देंगे। इसके बाद शुरू होगी बिहार में नई सरकार के गठन की प्रक्रिया।

बिहार का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा, क्या सरकार में कोई नया डिप्टी सीएम भी होगा? नई सरकार का कैबिनेट कैसा होगा? नई सरकार कब तक बनेगी? इन सारे सवालों को लेकर कई तरह की अटकलें भी लगाई जा रही हैं। इस बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के करीबी और बिहार सरकार के मंत्री विजय चौधरी ने बताया है कि एनडीए की बैठक में ही नई सरकार की रुपरेखा तय होगी। साथ ही विजय चौधरी ने बताया है कि अच्छा दिन देखकर ही सरकार का गठन होता है।

विजय चौधरी ने कहा कि स्वाभाविक रूप से जब मुख्यमंत्री राज्यसभा का सदस्य निर्वाचित हुए तो शपथ लेंगे। कल वो दिल्ली जाएंगे और परसो शपथ ग्रहण होगा। सरकार के फॉरमेशन पर आगे विजय चौधरी ने कहा कि वो इस्तीफा देंगे तब एनडीए के सभी दल बैठेंगे और आपस में निर्णय होगा तब जाकर नई सरकार का गठन होगा।

विजय चौधरी ने कहा कि निश्चित रूप से नीतीश कुमार के इस्तीफे देने के बाद और इस्तीफा स्वीकार होने के बाद कैबिनेट खुद-ब-खुद भंग हो जाएगी। खरमास के बाद बिहार में नई सरकार बन सकती है क्या? इस सवाल के जवाब में विजय चौधरी ने कहा कि स्वभाविक रूप से अच्छी तीथि और अच्छ दिन देखकर ही बनता है।

इधर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को लेकर यह भी कहा जा रह है कि शुक्रवार को शपथ लेने के बाद शनिवार 11 अप्रैल को नीतीश कुमार पटना वापस आएंगे। दिल्ली में प्रधानमंत्री और गृहमंत्री से भी उनकी मुलाकात हो सकती है। जाहिर है नीतीश कुमार के पटना वापसी के साथ ही बिहार में भाजपा के नेतृत्व में नई सरकार के गठन की कवायद तेज हो जाएगी। इसके बाद किसी भी दिन नीतीश मुख्यमंत्री की कुर्सी छोड़ सकते हैं। एनडीए के दलों में यह आपसी साझेदारी बन चुकी है कि अगला मुख्यमंत्री भाजपा का होगा।

इधर बीजेपी ने दिल्ली में बिहार के नए सीएम के नाम को लेकर महामंथन का प्रोगाम बनाया है। 10 अप्रैल को दिल्ली में बीजेपी की बड़ी बैठक हो सकती है। इस बैठक में बीजेपी के कई दिग्गज शमिल होंगे और नए सीएम के नाम पर मुहर लगने की संभावना है।
