वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बुधवार को स्वीकार किया कि आर्थिक वृद्धि थोड़ी धीमी हो सकती है, लेकिन इसे मंदी कहने से इनकार कर दिया और फिर जोर देकर कहा कि देश कभी भी मंदी का सामना नहीं करेगा। सीतारमण ने राज्यसभा को दिए सवालों के जवाब में कहा, “अगर आप अर्थव्यवस्था को समझदारी की नजर से देख रहे हैं, तो आप देख सकते हैं कि विकास में कमी आई है, लेकिन यह अभी तक मंदी नहीं है, यह मंदी नहीं होगी।”

अर्थव्यवस्था में विकास को पुनर्जीवित करने के लिए उठाए गए बत्तीस कदम अच्छे नतीजे दे रहे हैं। सीतारमण ने कहा कि देश की वास्तविक जीडीपी ग्रोथ 2009 से 2014 के बीच 6.4 प्रतिशत रही लेकिन 2014 से 2019 के बीच ये 7.5 प्रतिशत हो गई। सीतारमण के इस जवाब के बाद विपक्ष के सांसदों ने सदन से वॉकआउट कर लिया।

