
MUZAFFARPUR (ARUN KUMAR) : मनरेगा के तहत 10043 योजनाओं के अंतर्गत लगभग 48000 मज’दूरों की भागीदारी दैनिक रूप से सुनि’श्चित की जा रही है, अथार्त इतने मज’दूर दैनिक रूप से कार्य कर रहे हैं। जीविका के द्वारा अभी तक 203517 मास्क का निर्माण किया जा चुका है। जिसने से 104568 मास्क की बिक्री डिमांड के आधार पर की गई है। यह कार्य लगातार जारी है। सैकड़ों स्वयं सहायता समूह इस कार्य में इन्वॉ’ल्व हैं।

प्रवासी कामगारों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना राज्य सरकार की उच्च प्राथमिकता है। इस उद्देश्य से क्वॉरेंटाइन सेंटर में आने वाले सभी प्रवा’सियों की स्किल मैपिंग लगातार कराई जा रही है। यह कार्य महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र एवं श्रम अधीक्षक के अनुश्रवण में लगातार कराया जा रहा है। अब तक मुजफ्फरपुर जिला में लगभग 10 हजार प्रवासियों की स्कि’ल मैपिंग कराई गई है। इनमें से कुशल एवं अकु’शल श्रेणी के कामगार शामिल हैं।

कुशल श्रेणी के कामगारों में मुख्य रूप से कारपेंटर, दर्जी, ड्राइवर, इलेक्ट्रीशियन, पेंटर, राजमिस्त्री, सेंट्रिंग मि’स्त्री, फ्लोर टाइल्स मि’स्त्री वाहन मैके’निक, सेल्समेन, लोहे से कृषि आधारित यंत्र बनाने वाले क’र्मकार, प्रिंटिंग प्रेस से संबंधित कामगा’र, द’र्जी आदि शामिल हैं। इनमें से स्वरो’जगार के लिए इ’च्छुक लोगों को प्रधानमंत्री रो’जगार सृ’जन कार्यक्रम योजना, मुख्यमंत्री अनुसू’चित जाति /अनुसू’चित जनजाति एवं अ’त्यंत पिछ’ड़ी जाति उद्यमी योजना, मुद्रा योजना आदि के तहत अनुदा’नित दर पर ऋ’ण उपलब्ध कराने के लिए कार्रवाई की जाएगी।

इसके लिए महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र के द्वारा ऐसे लोगों की पहचान की जा रही है तथा उनसे लगातार संवा’द स्थापित कर उनके क्वॉरें’टाइन अव’धि पूरा होने के बाद उन्हें संबंधित कार्यालय के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कराया जाएगा एवं स्वरो’जगार हेतु ऋ’ण उपलब्ध कराने के लिए आगे की का’र्रवाई की जाएगी। इस संबंध में आज जिला पदाधिकारी ने सभी संबंधित पदाधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने प्रवासियों के स्कि’ल मैपिंग कार्य में ते’जी लाने का निर्देश दिया तथा रोजगार हेतु आगे की संभाव’नाओं के लिए त्वरित का’र्रवाई सुनिश्चित करने का निर्दे’श दिया।

विभिन्न सरकारी कार्यकारी विभाग/ एजेंसी को भी योजनाओं के क्रियान्वयन के लिए विभिन्न श्रेणी के कामगा’रों की आव’श्यकता होती है। इसी प्रकार निजी क्षेत्र के उद्योग एवं व्यवसाय के लिए भी विभिन्न श्रेणी के कुशल एवं और कुशल कामगा’रों की आव’श्यकता है। इसके लिए संबंधित विभाग/ एजेंसी, निजी उद्योगपति एवं व्यवसाई कामगा’रों की आवश्यकताओं को उद्योग विभाग द्वारा जारी विशेष पोर्टल shramsadhan.bih.nic.in पर द’र्ज करा सकते हैं। उनके डि’मांड के अनुरूप उपलब्ध वर्क फोर्स में से उन्हें उपयुक्त श्रेणी के कामगार उपलब्ध कराए जाएंगे।

जिला पदाधिकारी ने महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र को ऐसे सभी कार्यकारी विभाग, एजेंसी एवं निजी उद्योगपतियों / व्यवसायियों से संपर्क कर कामगा’रों की आवश्यकता को ऑनलाइन दर्ज कराने का निदेश दिया। ग्रामीण विकास, मुजफ्फरपुर के द्वारा मनरेगा के माध्यम से भी रोज’गार उपलब्ध कराने हेतु का’र्रवाई की जा रही है। लॉक डाउन की अवधि में 13966 नए जॉ’ब कार्ड अब तक उपलब्ध कराए गए है। जबकिं कुल सक्रि’य जॉब कार्डधारियों की संख्या 187866 है।

10043 योजनाओं में लगभग 48000 मजदूरों की सहभागिता दैनिक रूप से सुनि’श्चित की गली है। यह सिल’सिला लगातार जारी है। वहीं दूसरी तरफ जीविका के दीदियों द्वारा मास्क का निर्माण भी बड़े पै’माने पर किया जा रहा है। अभी तक 203517 मास्क का निर्माण किया गया है जिसके विरु’द्ध 104568 मास्को की बिक्री डिमां’ड के आधार पर की गई है। इस कार्य मे सैकड़ो स्वयं सहायता समूह इस कार्य को ग’ति दे रहे है।

जिला पदाधिकारी ने महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र एवं श्र’म अधीक्षक को विभिन्न योज’नाओं का लाभ प्रवा’सियों को दिलाने के लिए तेजी से कार्रवाई सुनि’श्चित कराने का निर्देश दिया है। बैठक में डीडीसी उज्ज्वल कुमार सिंह, नगर आयुक्त मणेश कुमार मीणा, सहायक समाहर्ता , अपर समाहर्त्ता आपदा, अतुल कुमार वर्मा महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र, श्रम अधीक्षक सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।








