मुजफ्फरपुर। आरटीआई के तहत तय समय से सूचना उपलब्ध नहीं कराने पर आयोग ने जिला लोक सूचना पदाधिकारी एवं अपर समाहर्ता पर 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। साथ ही पत्र जारी कर इसे डीएम, कोषागार पदाधिकारी और महालेखाकार के संज्ञान में लाने को कहा है।
मालूम हो कि रजी हसन ने आरटीआई के तहत जिला समाहरणालय के सभी कोषांगों में बेल्ट्रान के पदास्थापित डाटा इंट्री ऑपरेटरों के बारे में जानकारी मांगी थी। इसमें डाटा इंट्री आपरेटर का नाम, पदस्थापन तिथि, कार्यालय का नाम आदि की जानकारी के लिए आवेदन दिया था।
तय समय सीमा में जानकारी उपलब्ध नहीं होने पर मामले में राज्य सूचना आयोग में परिवाद दायर किया गया। आयोग के निर्देश पर आवेदक को सूचना तो उपलब्ध कराई गई, मगर इसमें एक वर्ष आठ माह की देरी हुई।
इस देरी को लेकर मुख्य सूचना आयुक्त ने स्पष्टीकरण मांगा था। यह स्पष्टीकरण समर्पित नहीं किया गया। सुनवाई में उपस्थित परिवादी ने बताया कि पता करने में समय लग गया। आयोग ने देरी के लिए जिला लोक सूचना पदाधिकारी को दो’षी पाते हुए 25 हजार रुपये जु’र्माना लगा दिया।


