मुजफ्फरपुर के मीनापुर थाना क्षेत्र में 1.32 लाख रुपये लूटकांड की साजिश खुद CSP कर्मी भृगु कुमार ने रची थी। ताकि उक्त रुपये वह हड़प कर जाए और किसी को शक भी ना हो। इसके लिए 3 राउंड फायरिंग का नाटक भी करवाया।

ताकि, सब हकीकत जैसा लगे। बताया जा रहा है कि इसको लेकर उसने अपने साथी अभिषेक व मोनू के साथ मिलकर लूट की घटना की साजिश रची। इसके बाद फायरिंग का नाटक किया। इसमें गोली उसके हेलमेट, बाइक की साइलेंसर को छूते हुए निकली।

इस नाटक को अंजाम देने के लिए उसने मुजफ्फरपुर-सीतामढ़ी एनएच-77 पर धर्मपुर ईंट भट्टा के पास जगह तय किया। लेकिन, पुलिस छानबीन में भंडा फूट गया। इसके बाद पुलिस ने CSP कर्मी भृगु कुमार को हिरासत में ले लिया है। उसके पास से एक लाख 32 हजार रुपये बरामद की है। उसने पुलिस के समक्ष अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। उसका साथी मोनू फरार हो गया। बताते चले कि भृगु ने बताया था कि वह उमानगर सीएसपी से एक लाख 32 हजार रुपये बैग में रखकर अपने घर रामपुरहरि जा रहा था।

धर्मपुर ईंट भट्टा के निकट दो बाइक पर सवार चार बदमाशों ने उस पर तीन राउंड फायरिंग कर रोक लिया। बदमाश उससे रुपये, चेन व पर्स लूट कर भाग निकला। पुलिस को शुरू से ही यह घटना को संदिग्ध लगा। पीछा कर रहे बदमाशों ने उसे रोकने के लिए उस पर फायरिंग करना और एक भी सभी गोलियों से सुरक्षित बच जाना संदेह को मजबूत कर रहा था।

पुलिस जब इस बिंदु को ध्यान में रखकर सीएसपी से संचालक से सख्ती से पूछताछ की तो वह ज्यादा देर तक टिक नहीं सका। उसने सच उगल दिया। पुलिस को उसके पास से रुपये भी बरामद कर लिया। डीएसपी पूर्वी मनोज कुमार पांडेय ने कहा की, लूट का झांसा देकर अपने एक पार्टनर के रुपये हड़पने के लिए सीएसपी संचालक ने यह साजिश रची थी। उसने अपने उपर सुरक्षित तरीके से एक अन्य पार्टनर से फायरिंग कराई थी। मामला पूरी तरह सामने आ गया है।