मोतिहारी। बिहार के पूर्वी चंपारण में एक ऐसा अनूठा मामला सामने आया है जिसने चिकित्सा जगत को भी चौंका दिया है। यहां के 40 दिन के नवजात बच्चे के पेट में भी बच्चा पलने की बात सामने आई है। जिसने भी यह सुना, उसे यकीन नहीं हुआ। शहर के रहमानिया मेडिकल सेंटर में ऐसा मामला सामने आया है, जिसमें 40 दिन के नवजात बच्चे के पेट में एक भ्रूण पाया गया।
दरअसल जन्म के बाद से ही इस बच्चे का पेट सामान्य से अधिक ऊंचा लग रहा था। उस समय किसी ने भी ध्यान नहीं दिया। इसके बाद से उसकी परेशानी बढ़ती ही गई। उसके स्वजन ने कहा कि इस वजह से उसे पेशाब करने में दिक्कत हो रही थी।
उसकी परेशानी को देखते हुए स्वजन कई चिकित्सकों के पास लेकर गए, लेकिन परेशानी कम नहीं हुई। 23 मई को जब उसे रहमानिया मेडिकल सेंटर लाया गया तो वहां सीटी स्कैन कराया गया। इसमें पता चला कि नवजात के पेट में एक भ्रूण है।
40 दिन के एक नवजात के पेट में बच्चा पलने की बात जिस किसी ने भी सुनी सभी हैरत में थे। इसके बाद और जांच की जाने लगी। फिर बच्चे की मां के गर्भावस्था के दौरान की जांच रिपोर्ट को देखा गया तो पता चला कि उसी दौरान भ्रूण के अंदर ही भ्रूण विकसित हो रहा था, लेकिन इस पर ध्यान नहीं दिया गया।
इस बारे में डा. ओमर तबरेज ने बताया कि आपरेशन कर भ्रूण को निकाल दिया गया है। मेडिकल की भाषा में इसे फीटस इन फिटू या फिर भ्रूण में भ्रूण अथवा भ्रूण की उपस्थिति कहा जाता है। यह कभी-कभी ही देखने को मिलता है। शायद चार या पांच लाख बच्चों में किसी एक में। उन्होंने कहा कि आपरेशन के बाद बच्चा पूरी तरह ठीक है। उसे डिस्चार्ज कर दिया गया है।
