गया. आपने पार्क तो कई देखे और घूमे होंगे, लेकिन गया में एक ऐसा पार्क है जिसे देखकर आप कहेंगे वाह क्या बात है. गया के स्टेशन रोड स्थित नगर निगम के स्टोर में कबाड़ से जुगाड़ कर शहर से निकलने वाले कचरा से पार्क का निर्माण किया गया है.
शहर से निकलने वाले कूड़ा, कचरा और खराब सामान निकालकर उसे कचरा पार्क में सुंदर तरीके से सजा दिया गया है. सजावट ऐसी है कि देखने वालों की आंखें रुकी रह जाती हैं. पार्क को देखकर हर कोई सोचने के मजबूर है कि क्या खराब होने के बाद कचरा में फेंके गए सामान से भी इतना बढ़िया आकार दिया जा सकता है.

गया नगर निगम शहर से निकलने वाले कचरा को कम करने के लिए कुछ खास कदम उठाये हैं. प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन को काम करने के लिए नगर निगम ने एक प्रयास किया है, जिसमें छोटे-छोटे कचरे का रिसाइकल किया गया है. इसके बाद उन्हें खूबसूरत रूप दिया जा रहा है. शहर में अब नियमित कचरे का उठाव हो रहा है. शहर से निकलने वाले कचरे की का खाद भी बनाई जा रही है. यही वजह है कि इस वर्ष स्वछता सर्वेक्षण में गया पूरे बिहार में टॉप पर रहा.

‘कचड़ा पार्क’ में वॉटर बोतल, मोबिल के खाली पड़े डिब्बे, गाड़ियों की बेकार टायर, बेकार पड़े कचरे के डिब्बों से फूल का गमला बनाकर एक आकार दिया गया है. पार्क में सबसे अधिक आकर्षण का केंद्र टायर से बनी दीवार घड़ी, ट्रक के फिल्टर से बने ट्रेन, चाय पीकर फेंकी गई प्याली से घंटा घर, पार्क में बेहतरीन घास और कई प्रकार के गुलाब के फूल खास हैं.


पार्क को बनाने वाले कर्मचारी चिंटू कुमार ने बताया कि कभी यहां गंदगी के कारण कोई आना तक नहीं पसंद करता था, लेकिन अब यहां पुरुष और महिला सफाई कर्मचारियों के बैठने के लिए अलग-अलग जगह बनाई गई है. सफाईकर्मी कचरा से चुनकर उपयोग में आने वाले वस्तुओं को रखते हैं और फिर पार्क में बहुत ही खूबसूरती के साथ इसका इस्तेमाल करते हैं.


