मुजफ्फरपुर ; सदर अस्प्ताल परिसर में मरीजों को टंकी व चापाकल का पानी भी नसीब नहीं हो रहा, वहीं दूसरी ओर से उपाधीक्षक व प्रबंधक कार्यालय में आरओ लग गया है। सिविल सर्जन डा.यूसी शर्मा ने परिसर में आनन फानन में बायोकेमिस्ट्री एनालाइजर का शुभारंभ किया। मशीन के चालू हो जाने के बाद मरीजों को जांच में मदद मिलेगी। सदर अस्पताल परिसर में एक-दो पाइप लाइन का प्वाइंट लगा है। मरीज के स्वजन सदर अस्पताल के मुख्य गेट पर नल से पानी लेते हैं। इसके साथ ही परिसर में पूरा शौचालय जाम है। शौचालय टंकी को साफ नहीं कराया गया है। वहां पर मरममत का काम बाधित है। यहां पर अपने स्वजन का इलाज करा रहे बालूघाट के सुरेश रजक ने कहा कि पेयजल का संकट है। मंदिर के पास से पानी लाना पड़ता है। एजेंसी परिसर की सफाई कर रही है। लकिन उसे बाहर ले जाकर डिस्पोज नहीं किया जा रहा है।
पटना में मिशन-60 की समीक्षा
वहीं, सिविल सर्जन ने बताया कि मिशन-60 की पटना में समीक्षा होगी। स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत कार्यक्रम के तहत अबतक हुए कामों की समीक्षा करेंगे। सीएस ने बताया कि सभी कार्य प्रक्रिया में हैं। वार्ड के अंदर काम पूरा कराने, शौचालय व सड़क बनवाने का काम जल्द पूरा कराने को कहा है। सिविल सर्जन डा.यूसी शर्मा ने कहा-शौचालय जाम हो गया है, उसकी सफाई के साथ परिसर से कचरे को बाहर भेजने की जवाबदेही प्रबंधक की है। निर्माण एजेंसी का काम तेजी से चल रहा है। प्रबंधक से जवाब मांगा गया है। समीक्षा के बाद जो आदेश आएगा उसका पालन होगा।
नई जांच मशीन से मिलेगी सुविधा
केन्द्रीय जांच घर में ऑटोमेटिक बायोकेमिस्ट्री एनालाइजर मशीन का शुभारंभ हुआ। सीएस ने बताया कि दस लाख की लागत से यह मशीन लगी है। यहां पर अब तक मैनुअल जांच से परेशानी थी। अब मशीन लगने के कारण एक साथ 50 से 60 नमूने की जांच हो पाएगी। मरीजों की मुख्य रूप से एलएफटी लिवर संबंधी सभी जांच, किडनी की जांच, टोटल लिपिड प्रोफाइल, कॉलेस्ट्रोल की जांच, सीआरपी, बच्चों के इंफेक्शन की जांच, डायबिटीज आदि की जांच हो जाएगी।




