सीतामढ़ीः बीते 14 जनवरी को पड़ोसी देश नेपाल की राजधानी काठमांडू से पोखरा जा रहे विमान दुर्घटना में जिले के बैरगनिया के एक युवक की मौत हो गई थी. घटना के 7 दिनों बाद पड़ोसी देश नेपाल से कागजी खानापूर्ति के बाद मृतक संजय का शव उसके गांव बैरगनिया पहुंचा. जहां उसके शव को देखते ही परिजनों में कोहराम मच गया.
मिलनसार प्रवृत्ति का था संजय
भारत नेपाल की सीमा बैरगनिया नगर परिषद के वार्ड नंबर 6 निवासी संजय जयसवाल का शव जैसे उनके घर पहुंचा परिजनों में कोहराम मच गया. स्थानीय लोगों का कहना है कि संजय मिलनसार प्रवृत्ति का युवक था. स्थानीय रमेश चौधरी ने बताया कि संजय का शव पड़ोसी देश नेपाल से लाने में कई दिन लग गए. कागजी प्रक्रिया के लिए हम लोग कई दिनों से पड़ोसी देश के अधिकारियों के संपर्क में थे.
बहन के घर काठमांडू गया था संजय
दरअसल बीते दिनों संजय अपनी बहन के घर काठमांडू नवजात भांजी को देखने गया था. इसी दौरान वह विमान से पोखरा जा रहा था और विमान हादसे का शिकार हो गया. इस हादसे में बैरगनिया के संजय की भी मौत हो गई. जिसका शव अब उसके वतन पहुंच गया है. जहां उसका अंतिम संस्कार किया जाएगा. मृतक संजय बैरगनिया नगर परिषद के वार्ड नंबर 6 निवासी राम मेघवाल चौधरी का पुत्र था. मृतक की मां गहरे सदमे में हैं. उन्हें विश्वास ही नहीं हो कि उनके पुत्र की मौत हो गई है.
विमान में सवार सभी 68 यात्रियों की मौतः आपको बता दें कि बीते 14 जनवरी को नेपाल के पोखरा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर 72 सीटों वाला यात्री विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया था. विमान में चालक दल के सदस्यों समेत 68 यात्री सवार थे. हादसे में विमान में सवार सभी लोगों की मौत हो गई थी. मरने वालों में पांच भारतीय भी शामिल थे. जिसमें चार उत्तर प्रदेश के गाजीपुर के रहने वाले थे और एक बिहार सीतामढ़ी के संजय कुमार थे.



