मुजफ्फरपुर : आलू की कीमत गिरने से किसानों को लागत निकालना भी मुश्किल हो रहा है। इससे किसानों की परेशानी बढ़ गई है। अभी व्यापारी सात सौ रुपये क्विटल में आलू खरीद रहे हैं।
किसानों का कहना है कि प्रति क्विटल दो से तीन सौ रुपये घाटा सहना पड़ रहा है। बाहर के व्यापारियों के नहीं आने से भी कीमत लगातार गिर रही है। कुढ़नी सरमस्ता के किसान मो. नजरे आलम ने बताया कि आलू की खेती करने में प्रति कश करीब दो हजार रुपये खर्च आता है।
अंतिम समय में मौसम साथ नहीं दिया जिससे फसल अच्छी नहीं हुई। प्रति करा दो से तीन क्विटल आलू निकला है। किसानों ने बताया कि आलू रोपने के समय 15 से 18 सौ रुपये क्विटल आलू था।
इस बार समय से रोपाई हो गई थी, जिसके कारण जनवरी में ही आलू की फसल तैयार हो गई है। दूसरी ओर 15 फरवरी के बाद ही कोल्डस्टोर खुलने की उम्मीद है। इतने दिन आलू को बाहर रखना मुश्किल है जिसके कारण किसान व्यापारियों के हाथों सात सौ रुपये में आलू बेच रहे हैं।
मुशहरी सभापुर के किसान रविशंकर दास ने बताया कि आलू व मक्के की एक साथ खेती की थी। मक्के के लिए मौसम अनुकूल होने से पौधे का विकास खूब हुआ है। अगर समय से आलू नहीं निकाला गया तो मक्के की फसल को नुकसान होगा।
जिला कृषि पदाधिकारी शिलाजीत सिंह का कहना है कि जिले में आलू की इस बार बंपर खेती किसानों ने की। लेकिन अंतिम समय में झुलसा रोग के कारण उपज पर असर होने की आशंका है। अभी किसान आलू निकालना शुरू किए हैं, कीमत अभी कम है। मगर कोल्ड स्टोर खुलने के बाद आलू की कीमत में बढ़ोत्तरी होगी।

