भोजपुर: भोजपुर जिले में खाकी पर सिपाही ही दाग लगा रहे हैं। अनुसंधान में सहयोग के लिए राज्य से बाहर गई एक महिला सिपाही से छेड़खानी और जबरदस्ती करने की कोशिश का बड़ा मामला सामने आया है। छेड़खानी करने का आरोप थाने के ही सिपाही पर लगा है। मामला भोजपुर जिले के चरपोखरी थाने से जुड़ा है।
सिपाही को किया गया तत्काल निलंबित
इस मामले को गंभीरता से लेते हुए भोजपुर एसपी प्रमोद कुमार ने सिपाही रौशन कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इधर, पीड़ित महिला ने इसे लेकर आरा के महिला थाना में एफआइआर दर्ज कराई है, जिसके आधार पर अभी जांच चल रही है। भोजपुर एसपी प्रमोद कुमार ने गुरुवार को बताया कि पुरुष सिपाही को निलंबित करते हुए आंतरिक जांच समिति को जांच के साथ एफआइआर दर्ज कराने के लिए बोल दिया गया है। गौरतलब है कि हाल के वर्ष में महिला सिपाही से छेड़खानी का दूसरा बड़ा मामला है। पूर्व में तत्कालीन थानाध्यक्ष पर छेड़छाड़ का आरोप लगा था।
पीड़ित केस के अनुसंधान में गई थी राज्य के बाहर
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, छह जुलाई 2023 को महिला एक पुरुष सिपाही के साथ केस के अनुसंधान के लिए गुजरात के सूरत शहर में गई थी। इस दौरान सभी एक होटल के अलग-अलग कमरे में ठहरे थे। आरोप है कि पुरुष सिपाही ने कमरे में प्रवेश कर महिला सिपाही के साथ जबरदस्ती करने का प्रयास किया। महिला सिपाही ने विरोध किया। बाद में, जब पुलिस की टीम गुजरात से वापस लौटी तो पीड़ित महिला सिपाही ने इसकी जानकारी थाने के अफसरों को दी और आपबीती सुनाई। इसके बाद मामला वरीय पदाधिकारियों तक जा पहुंचा। फिर सिपाही से पूछताछ की गई। हालांकि, पुरुष सिपाही ने लगाए गए आरोप को खारिज कर दिया।
पूर्व में महिला सिपाही ने तत्कालीन थानाध्यक्ष पर लगाए थे छेड़छाड़ के आरोप
तीन फरवरी 2023 को थाने की महिला सिपाही के साथ छेड़छाड़ और अश्लील हरकत करने के मामले में पूर्व थानाध्यक्ष दीपक झा पर निलंबन की गाज गिरी थी। इसके बाद, एएसपी की जांच रिपोर्ट के आधार पर उनको निलंबित कर दिया गया था। आरोप है कि पंचायत चुनाव के समय से ही थानाध्यक्ष द्वारा संदेश थाने के सीसीटीएनएस इकाई में तैनात महिला सिपाही को परेशान किया जा रहा था। महिला सिपाही को गलत तरीके से छुने का प्रयास किया जा रहा था। एकांत में अश्लील भाषा का प्रयोग किया जा रहा था। मोबाइल पर पोर्न वीडियो देखने का दबाव बनाया जा रहा था।
महिला थाने में कराई गई थी एफआइआर
इसे लेकर पीड़त महिला सिपाही ने आरा के महिला थाना में एफआइआर कराई गई थी। एफआइआर में गंभीर आरोप लगाया गया था। तब एएसपी की ओर से ट्रेनी डीएसपी अनुराग कुमार सहित अन्य अफसरों की उपस्थिति में मामले की जांच की गई थी। तत्कालीन थानाध्यक्ष दीपक झा से शोकॉज भी किया गया था। इधर, जांच रिपोर्ट आने के बाद एसपी की ओर से तत्कालीन थानाध्यक्ष दीपक झा को निलंबित कर दिया गया था।
