पटना: विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी) के प्रमुख और बिहार के पूर्व मंत्री मुकेश सहनी ने कहा है कि अगर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी निषादों को आरक्षण देने पर अपनी सहमति दे देते हैं तब वीआईपी पार्टी बीजेपी को बगैर शर्त समर्थन देने को तैयार है. मुकेश सहनी ने कहा कि निषाद आरक्षण संकल्प यात्रा का पहला चरण समाप्त हो गया और पहले चरण में 10 लाख लोगों ने हाथ में गंगाजल लेकर आने वाली पीढ़ी के सुखद भविष्य और आरक्षण के लिए संघर्ष करने का संकल्प लिया है. सहनी ने पहले चरण की यात्रा में मिल रहे समर्थन खासकर युवाओं के मिल रहे समर्थन को लेकर आभार जताते हुए कहा कि अब मधुबनी से यात्रा के दूसरे चरण की शुरुआत होगी.
उन्होंने कहा कि 1.50 करोड़ लोगों को संकल्पित करने का लक्ष्य रखा गया है. 28 अगस्त से पटना से अन्य कार्यकर्ता भी गांव -गांव जाएंगे जहां लोगों को आरक्षण के लिए संकल्प दिलाया जाएगा. सहनी ने एक प्रश्न के उत्तर में कहा कि आज बिहार में नीतीश कुमार फैक्टर नहीं रह गए है बल्कि मुकेश सहनी फैक्टर बन गए हैं. नीतीश कुमार फैक्टर को काटने के लिए सम्राट चौधरी को विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष और अध्यक्ष बनाया गया. लेकिन, भाजपा ने आनन-फानन में चौधरी को नेता प्रतिपक्ष से हटाकर हरि सहनी को नेता प्रतिपक्ष बनाया गया.
उन्होंने हरि सहनी को बड़ा भाई बताते हुए कहा कि उन्होंने हाथ में गंगाजल लेकर संकल्प लिया था कि निषाद आरक्षण के लिए संघर्ष करेंगे, अब इस संकल्प को उन्हे याद रखना चाहिए. सहनी ने कहा कि भाजपा ने मात्र एक निषाद को सम्मान दिया है, अभी भी बिहार, यूपी और झारखंड के निषाद आरक्षण का इंतजार कर रहे हैं. पत्रकारों के लोकसभा की तैयारी के संबंध में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि मेरी प्राथमिकता लोक सभा सीट नहीं, निषाद आरक्षण है.मुकेश सहनी ने कहा कि अगर प्रधानमंत्री निषाद को आरक्षण की घोषणा करते हैं, और एक सीट भी नहीं देते हैं तो कोई परवाह नहीं है. सहनी ने साफ लहजे में कहा कि यूपी, बिहार और झारखंड में 60 सीटों पर निषाद हार-जीत तय करते हैं और जो हमारी बात सुनेंगे, उसकी बात हम भी सुनेंगे.