बिहार में बंगले पर भिड़े चाचा-भतीजा, पशुपति पारस को खाली करने का निर्देश, 1 व्हीलर रोड बंगला अब चिराग को अलॉट

पटना. बिहार में बंगले पर सियासत कोई नई बात नहीं है. बिहार के सियासी गलियारे में एक बार फिर से बंगले को लेकर नया विवाद सामने आया है. दरअसल बिहार सरकार के भवन निर्माण विभाग ने पशुपति कुमार पारस को कार्यालय के तौर पर दिए गए बंगले को खाली करने का निर्देश दिया है.

जानकारी के अनुसार शुक्रवार को विभाग के अधिकारी बंगले को खाले करने का नोटिस लेकर पहुंच गए. अधिकारियों का कहना है कि 7 दिनों में बंगला खाली नहीं किया गया तो बलपूर्वक बंगला खाली करवाया जाएगा.

हालांकि मामला न्यायालय में है. वहीं बिहार सरकार ने इस बंगले को चिराग पासवान की पार्टी के कार्यालय के लिए अलॉट कर दिया है. बता दें, रामविलास पासवान के निधन के बाद उनकी पार्टी दो भागों में बंट गई. एक गुट उनके छोटे भाई पशुपति कुमार पारस का बना गया  जिसका नाम राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी है.

वहीं दूसरी ओर रामविलास पासवान के पुत्र चिराग पासवान ने  लोक जनशक्ति पार्टी रामविलास नाम से अपनी पार्टी बनाई. पार्टी में तो बंटवारा हो गया था. लेकिन, पार्टी कार्यालय का बंटवारा होना अभी भी बाकी है.

जानें क्या है पूरा विवाद?

दरअसल पटना के एक व्हीलर रोड स्थित लोक जनशक्ति पार्टी का कार्यालय वर्षों पुराना है. लेकिन, पार्टी पहले ही दो भागों में बंट चुकी है. हालांकि फिलहाल उस पार्टी कार्यालय पर पशुपति पारस गुट का कब्जा है और इसमें राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी का कार्यालय चलाया जा रहा है. वहीं पार्टियों के अलग-अलग होने के बाद अब उस बंगले पर दोनों ओर से दावा किया जा रहा है. हालांकि सरकार ने इस बंगले को चिराग पासवान की पार्टी लोक जन शक्ति पार्टी रामविलास को कार्यालय के लिए आवंटित कर दिया है.

क्यों फिर चर्चा में आया बंगला? 

बता दें, यह यह मामला तुल इसलिए पकड़ा रहा है क्यों कि शुक्रवार को भवन निर्माण विभाग के कनीय अभियंता ने राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी के कार्यालय के बाहर नोटिस चिपकाया. इस नोटिस में बंगले को अविलंब खाली करने का निर्देश था. इस नोटिस में यह भी दर्ज किया गया कि यदि अगले 7 दिनों मे बंगला खाली नहीं होता है तो पुलिस टीम की मौजूदगी में बलपूर्वक बंगला खाली करवाया जाएगा. हालांकि बंगले का मामला न्यायालय में है. वहीं इसी बीच लोक जनशक्ति पार्टी का दावा है कि चुनाव आयोग ने उसे भी राज्य स्तरीय पार्टी का दर्जा दिया इस लिए नियम के अनुसार पार्टी को सरकार के द्वारा सरकारी बंगला मिलना चाहिए.

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Discover more from Muzaffarpur News

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading