MUZAFFARPUR (ARUN KUMAR) : मुजफ्फरपुर पुलिस ने 24 घंटों के अन्दर लूटे गये पिकअप को बरामद करते हुये अन्तरजिला वाहन लुटेरा गिरोह का भंडाफोड़ कर वैशाली व मुजफ्फरपुर के चार शातिर अपराधियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है. गिरफ्तार अपराधियों में दो अपराधी काफी शातिर बताये जाते हैं.

इस संबंध में वरीय पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार ने प्रेस वार्ता के दौरान जानकारी देते हुये बताया कि गत् गरुवार 11 अप्रैल की रात्रि फकुली ओपी अध्यक्ष राजेश कुमार राकेश को सूचना मिली कि एक अज्ञात व्यक्ति एनएच 77 के पास नीम बेहोशी की स्थिति में पड़ा है. सूचना के पश्चात ओपी अध्यक्ष ने बेहोश व्यक्ति की उचित उपचारार्थ कुढ़नी पीएचसी में भर्ती कराया. होश आने पर उसने अपना नाम विश्वनाथ राय बताया और कहा कि कुछ अपराधकर्मियों ने उन्हें कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ मिलकर पिलाने के अपरांत रास्ते में फेंक दिया और पिकअप (नम्बर बीआर 01 जीजी 2138) लूट ले गये.

मामले की गंभीरता देखते हुये वरीय पुलिस अधीक्षक ने मामले के उद्भेदन हेतु पुलिस उपाधीक्षक पूर्वी कृष्ण मुरारी प्रसाद के नेतृत्व में सदर ए इंस्पेक्टर शिव नारायण राम, फकुली ओपी अध्यक्ष राजेश कुमार राकेश के साथ ही सैप जवानों व पुलिस बल की एक टीम गठित की. जो तकनीकी और मानवीय श्रोतों के आधार पर गहनता से जाँच कर रही थी.

जीपीएस से लैस पिकअप के कारण पकड़े गये अपराधी
वाहन मालिक को सूचना देने के दौरान वाहन मालिक ने पिकअप में ग्लोबल पोजिशनिंग सिस्टम (जीपीएस) से लैस बताया और कुछ ही देर में पिकअप के सटीक भौगोलिक स्थान से पुलिस टीम को अवगत करा दिया. जानकारी मिलते ही पुलिस उपाधीक्षक पूर्वी कृष्ण मुरारी प्रसाद के नेतृत्व में पुलिस टीम ने दिघरा रेलवे गुमटी नहर के पास बेचे जाने हेतु छिपा कर रखे गये पिकअप को बरामद कर लिया गया और तकनीक व मानवीय श्रोतों के आधार पर छापेमारी कर घटना में शामिल चार अपराधकर्मियों को गिरफ्तार कर लिया.

गिरफ्तार अपराधियों के खिलाफ दर्ज हैं कई मामले
गिरफ्तार अपराधकर्मियों की पहचान वैशाली के बेलसर ओपी अन्तर्गत चकमारुफ निवासी नागेश्वर महतो के पुत्र रामकुमार महतो व गणेश पासवान के पुत्र सत्येंद्र पासवान और मुजफ्फरपुर जिले के पारु थाना क्षेत्र के महमदपुर निवासी गणेश राय के पुत्र शातिर लुटेरे रंजीत राय व सदर थाना क्षेत्र के दिघरा रामपुर साह निवासी प्रेमी साह के पुत्र पवन कुमार के रुप में की गई है. गिरफ्तार अपराधियों के खिलाफ मोतीपुर में आर्म्स एक्ट समेत सरैया और पारु में कई मामले दर्ज हैं. पुलिस पूछताछ में गिरफ्तार अपराधियों ने दर्ज मामलों के अलावा भी आधा दर्जन मामलों में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है.

कारबाइन के साथ गिरफ्तार हो चुका है रंजीत
एसएसपी ने बताया कि रंजीत राय शातिर अपराधी है और पूर्व में कारबाइन जैसे अत्याधुनिक हथियार के साथ पुलिस के हत्थे चढ़ चुका है. साथ ही रामकुमार महतो का भी आपराधिक इतिहास रहा है.है. वह आर्म्स एक्ट के मामले में जेल जा चुका है. वहीं रंजीत राय को न्यायालय द्वारा मिली जमानत का दुरुपयोग करते पाया गया है, अत: उसकी जमानत रद्द करने की अनुशंसा की जा रही है.
एसएसपी ने बताया कि नशा खिलाकर वाहन आदि लूटने वाला यह बड़ा गिरोह है, इसलिये गठित पुलिस टीम गहनता से इसकी पड़ताल में जुटी है. उन्होंने कहा कि लुटे गये वाहनों की खरीद बिक्री करने वालों की पहचान हो गयी है, जांच पड़ताल करते हुये पुलिस टीम चिन्हित अपराधियों की गिरफ्तारी की कवायद में जुटी है.

पुलिस व जेल सिपाही बन करते थे लूटपाट
एसएसपी ने गिरोह के बारे में विस्तृत रुप से बताया कि गिरफ्तार अपराधियों और इनके अन्य साथियों द्वारा गिरोह का संचालन किया जाता था जो सुनियोजित ढंग से एनएच पर गुजरने वाले खाली माल वाहक व सवारी गाडियों को खुद को पुलिस या जेल के सिपाही बताते हुये रुकवा कर चालक को विश्वास में लेकर बगैर वाहन मालिक की जानकारी के भाडा देने का लालच देते हुये भाडा़ तय करते हैं. जिससे चालक खुद को सुरक्षित भी समझते हैं और वाहन मालिक से बणा कर रुपया कमाने के लालच में फंस भी जाते हैं. वाहन चालक के आवभगत के दौरान लुटेरे पेय पदार्थों में नशीला पदार्थ मिला कर चालक को चालाकी से पिला देते और उनके बेहोश होते ही वाहन लेकर चम्पत हो जाते हैं.
एसएसपी ने वाहन चालकों को ऐसी घटनाओं पर चौकन्ना रहने की सलाह देते हुये कहा कि ऐसे तत्वों से सावधान रहें.
