मुजफ्फरपुर जिले के कोचिंग सेंटर व हॉस्टल बिना फायर सिस्टम के चल रहे। इन्हें 30 दिनों की मोहलत दी गई है। ऐसा नहीं करने पर संचालकों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सोमवार को डीएसपी मुकुल रंजन के नेतृत्व में मिठनपुरा रोड में फायर अफसर संतोष कुमार पांडेय ने आधा दर्जन कोचिंग संस्थानों और हॉस्टलों की जांच की।
मिठनपुरा रोड में दो बड़े गल्र्स हॉस्टल चार मंजिले मकान में चल रहे। दोनों हॉस्टल में करीब 900-900 छात्राएं रहती हैं। सोने के लिए लकड़ी का बेड है। यदि कभी कोई हादसा होता है तो किसी के लिए भी बचना मुश्किल हो जाएगा। फायर अफसर ने संचालकों को 30 दिनों का समय दिया है। 20 दिनों के अंदर अगर फायर एक्ट का अनुपालन नहीं किया गया तो उनके खिलाफ कानून सम्मत कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि इन सबों को फायर हाइड्रेंट सिस्टम, फायर अलार्म सिस्टम, स्मॉक डिटेक्टर सिस्टम आदि लगाने का आदेश दिया गया है।
बाबा के भक्त किसी तरह की परेशानी में पड़े इसके लिए गरीबस्थान मंदिर परिसर में भी फायर हाईड्रेंट सिस्टम लगाए जा रहे हैं। फायर अफसर ने सिस्टम लगाने वाले को आवश्यक निर्देश दे दिया है। मंदिर के प्रधान पुजारी विनय पाठक ने बताया कि इस पर तेजी से काम चल रहा है। कुछ दिनों में यह काम पूरा कर लिया जाएगा। श्रावण मास में यहां लाखों श्रद्धालु जलाभिषेक करते हैं। अन्य दिनों में भी श्रद्धालुओं का तांता लगा रहता है। फायर सिस्टम लगाना आवश्यक था। इसलिए यह कार्य भी पूरा कर लिया जाएगा।

