पिछले कुछ समय से जह’रीली हो चुकी मुजफ्फरपुर की हवा अब और खत’रनाक हो गई है. भीषण गर्मी और वायु प्रदूषण के मामले में मुजफ्फरपुर शहर ने पटना को पछाड़ दिया है.

पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने की वजह से बुधवार तक हल्की बारिश होने की संभावना है, जो शनिवार तक मध्यम स्तर तक जा सकती है. विशेषज्ञों के अनुसार, मध्यम बारिश भी होती है तो इस जह’रीली हवा से थोड़ी राहत मिल सकती है. वहीं मुजफ्फरपुर और पटना के बाद दिल्ली में भी जह’रीली हवा से राहत के लिए बारिश का इंतजार हो रहा है.

फसल अवशेष ज’लाने पर रोक
खेतों व अन्य जगहों पर फसल अवशेषों को जलाने पर जिले में रोक लगा दी गई है. विभाग की ओर से सभी बीएओ को निर्देश जारी किया गया है कि किसानों के बीच जाकर उन्हें फसलों के अवशेष नहीं ज’लाने की सलाह दें.

सांस के मरीजों की बढ़ी संख्या
वातावरण में प्रदूषण और धुंध बेहद खत’रनाक है. इस वातावरण में तीन से पांच घंटे बाहर रहने वाले व्यक्ति के फेफड़े में करीब 20 सिगरेट के बराबर धुआं भर जाता है. इस कारण शहर के अस्पतालों व नर्सिंग में 30 से 40 फीसदी तक सांस के मरीज बढ़ गए हैं. वरिष्ठ फिजिशियन ने बताया कि वायु प्रदूषण शहरवासियों के लिए चिंता का विषय बना हुआ है. लोगों के फेफड़े की कार्यक्षमता में गिरावट आई है.

लक्षण दिखे तो कराएं उपचार
सांस लेने में घड़घड़ाहट
कफ बने या साथ में खू’न आए
त्वचा के रंग में बदलाव
पौष्टिक भोजन का करें सेवन
फल और हरी सब्जियां खाएं
फाइबर वाला भोजन प्रयोग में लाएं
उच्च प्रोटीन युक्त भोजन लें
गुड़ का सेवन करें

एलर्जी से बचाएगी हल्दी :
सांस के मरीजों को आधा चम्मच हल्दी चूर्ण सुबह और शाम गुनगुने पानी के साथ लेना चाहिए. हल्दी एंटीबॉयोटिक व एंटीएलर्जिक होती है. यह ए’लर्जी को कम करती है. इसके अलावा काली मिर्च एक चुटकी शहद के साथ लेने से भी सांस के मरीजों को काफी आराम मिलता है.