दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) के वि’रुद्ध बिहार के हाजीपुर में मु’कदमा दायर किया गया है। हाजीपुर के मुख्य न्यायिक दं’डाधिकारी (CJM) के कोर्ट में दा’यर परिवाद में उनके खि’लाफ बिहार के खि’लाफ टिप्पणी कर देश की एकता-अखंडता एवं लोकशांति को भंग करने की कोशिश के आ’रोप लगाए गए हैं.यह मु’कदमा वैशाली के महुआ था’ना क्षेत्र के अलीपुर मुकुंद भदवास गांव निवासी छोटेलाल राय के पुत्र नीतीश कुमार ने दायर किया है। इसमें उन्होंने दिल्ली के मंगोलपुरी स्थित संजय गांधी मेमोरियल अस्पताल (Sanjay Gandhi Memorial Hospital) में ट्रामा सेंटर (Trauma Centre) के भूमि पूजन समारोह के दौ’रान केजरीवाल की बिहारी प्रवासियों (Immigrant Biharis) को लेकर टिप्पणी को आधार बनाया गया है।
अपनी टिप्पणी में केजरीवाल ने कहा था बिहारी 500 रुपये का टिकट लेकर ट्रेन से दिल्ली आते हैं और पांच लाख का इलाज मुफ्त में करवा कर चले जाते हैं। अपने देश के लोग हैं, इसलिए सबका इ’लाज होना चाहिए। पर दिल्ली की भी अपनी क्ष’मता है। यह देश भर का कैसे इलाज करेगी? इसलिए पूरे देश में स्वास्थ्य सुविधाओं (Health Services) में सुधार जरूरी है।अरविंद केजरीवाल के बिहारियों को लेकर दिए इस बयान पर दिल्ली के साथ-साथ बिहार में भी तीखी प्रतिक्रिया हुई। दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी (BJP) नेता विजय गोयल (Vijay Goel) ने कहा कि बांगलादेशी (Bangladeshi) और रोहिंग्या (Rohingya) दिल्ली में रह सकते और इ’लाज करा सकते हैं, लेकिन केजरीवाल के लिए बिहार, उत्तर प्रदेश व पूर्वांचल के लोग बाहरी हैं।बाद में केजरीवाल ने अपने बयान पर सफाई देते हुए कहा कि दिल्ली में इला’ज या शिक्षा के लिए किसी को मना नहीं किया गया है। दिल्ली में दूर-दूर से म’रीज इ’लाज के लिए आते हैं। सेवा कर पाएं तो हमें खुशी होती है। हमारी इच्छा यह है कि दिल्ली की तरह ही देश भर में शिक्षा व स्वास्थ्य के क्षेत्र में सुधार हो।



