
MUZAFFARPUR (ARUN KUMAR) : क्या यह वही सड़कें है जो महज चंद दिनों पूर्व जिला प्रशासन और नगर निगम प्रशासन द्वारा संयुक्त अभि’यान चलाते हुए अतिक्र’मणमुक्त कराया गया था. मुजफ्फरपुर में जा’म की सम’स्या विक’राल होती जा रही है. इससे निजात दिलाने के लिए आए दिन नई-नई योजनाये बनाई जा रही है, लेकिन इससे कोई खास असर पड़ता नहीं दिख रहा है. शुक्रवार को जिलाधिकारी का का’फिला ही जा’म में फंस गया.

शुक्रवार दोपहर जिला अधिकारी आलोक रंजन घोष, उप विकास आयुक्त उज्जवल कुमार सिंह, अनुमंडलाधिकारी कुंदन कुमार, नगर आयुक्त मनेष कुमार मीणा, मुशहरी अंचलाधिकारी, कार्यपालक पदाधिकारी समेत एस्कॉर्ट वाहन का काफि’ला शहर के हृदयस्थली मोतीझील में भी’षण जा’म में फंस गया. आलम यह था की अधिकारियों के अंगरक्ष’क स्वयं जा’म छुड़ाते हुए देखे गए.

यातायात पुलिस को जब इसकी जानकारी मिली तो आनन् फानन में जा’म छु’ड़ाने हेतु मश’क्कत की गई जिससे मोतीझील से कल्याणी चौक तक ही पहुँचने में लगभग 40 मिनट लग गए. समस्त शहर का यही हाल है. अतिक्र’मणमुक्त कराये गए सभी स्थानों पर अतिक्र’मणकारियों का पुनः क’ब्ज़ा हो गया है, चाहे वह प्रमंडलीय आयुक्त कार्यालय का मुख्य गेट हो या कर्बला.

अतिक्र’मण मुक्त अभि’यान के दौरान अनुमंडलाधिकारी ने कहा था की अतिक्रमण रीटेन्शन टीम अतिक्र’मणमुक्त कराये गए स्थानों पर कार्रवाई करेगी और अतिक्रम’णकारियों समेत अवैध पार्किंग करने वालों पर प्राथमिकी दर्ज करते हुए उनके सामानों को ज’प्त करने की का’र्रवाई की जाएगी. उन्होंने जिलाधिकारी द्वारा दिए गए स्पष्ट निर्देशों का हवाला देते हुए कहा था की जिन सड़को को अतिक्र’मणमुक्त करवाया गया है, उन्हें हर हाल में अतिक्र’मणमुक्त ही रखा जाये, और इसके लिए प्रशासन द्वारा हर संभव का’र्रवाई की जाएगी. पर मामले में अब तक कोई का’र्रवाई नहीं हुयी. स्थिति जस की तस बनी है.


