
MUZAFFARPUR (ARUN KUMAR) : मुजफ्फरपुर में क्रा’इम का ग्राफ तेजी से बढ़ा है. विगत 11 महीनों में लगभग 150 ह’त्याएं, 207 छोटी बड़ी लू’ट, 52 बला’त्कार और छोटी बड़ी मिला कर कुल 48 डकै’ती की घटनाओं से मुजफ्फरपुर जिला दहल उठा है. बीते सोमवार को ही पेट्रोल पंप के मैनेजर से दिनदहाड़े 9.58 लाख रुपये की लू’ट की वा’रदात को अंजाम दिया गया था.

अब देखना यह है कि नवनियुक्त एसएसपी जयन्त कांत जनता की अपे’क्षाओं पर ख़रे उतरते है या नहीं? आने वाले हफ्तों में मुजफ्फरपुर जिले में बेका’बू हो चुके अप’राध नियं’त्रण हेतु नवनियुक्त एसएसपी जयन्त कांत कैसी रणनी’ति बनाते हैं? जिले में अप’राध नियं’त्रण व ट्रैफिक समस्या एसएसपी जयन्तकांत हेतु चुनौती साबित होगी या इन दोनो पर न’केल कसने में वे अपने कु’शल नेतृत्व से कामयाब हो पाते हैं या नहीं, यह तो आने वाला वक़्त ही बताएगा.

उत्तर प्रदेश के लखनऊ निवासी 2009 बैच बिहार कैडर के आईपीएस अधिकारी जयंतकांत काफी तेजत’र्रार आईपीएस अधिकारी माने जाते हैं. रोहतास में ट्रेनिंग के बाद एएसपी और एसपी के तौर पर जयंत कांत की पोस्टिंग फतुआ (पटना) में हुई. फतुआ के बाद नवगछिया और उसके बाद पटना के एसपी बने. इसके साथ ही वे पटना ट्रैफिक एसपी, बक्सर और जमुई एसपी के पद पर योगदान दे चुके हैं. वर्तमान में वे पश्चिमी चम्पारण बेतिया के एसपी के पद पर पदासीन थे.

आईपीएस अधिकारी जयंत कांत को बतौर आईपीएस अधिकारी मिलने वाले अवार्ड उनके अदम्य शौ’र्य को खुद बयान करते हैं. बेहतर कार्यक्षमता, अदम्य साहस, अप’राध नियंत्र’ण व विधि व्यवस्था संधारण में कुशल रणनी’ति हेतु स्वयं बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी उन्हें सम्मानित कर चुके हैं. उनके वी’रता और साहस, बेहतर व असाधारण कार्य हेतु वर्ष 2016 के गणतंत्र दिवस के मौके पर उन्हें गैलेंट्री अवार्ड पुलिस वी’रता पदक से सम्मानित किया गया था. साथ ही पुलिस महानिदेशक गुप्तेश्वर पाण्डेय ने जमुई में अप’राध नियंत्रण हेतु प्रभावी व ठोस कार्य हेतु प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया था.

2012 में पटना सिटी एसपी के पद पर रहते हुए छठ के दौरान भग’दड़ होने पर स्थिति को नियं’त्रित करने, वि’धि व्यवस्था कायम रखने और उनके शानदार प्रदर्शन हेतु डीजीपी ने प्रशस्ति पत्र व मैडल पहना कर सम्मानित किया था. तेजतर्रार आईपीएस अधिकारी जयंत कांत को जमुई में न’क्सल विरो’धी अभि’यान की सफलता पर दो बार सीआरपीएफ डीजी द्वारा मैडल व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जा चुका है.

हार्ड’कोर नक्स’ली कमांडर चिराग दा के इनकाउंटर में शामिल टीम सदस्य के रूप में 30 लाख रूपए के रिवार्ड से सम्मानित भी हो चुके हैं. 50 हजार के इनामी 7 कु’ख्यातों की गिर’फ़्तारी की सफलता का श्रेय भी एसपी जयंतकांत की सफल रणनी’ति का ही परिणाम है. जमुई में कई वर्षों तक एसपी पद को सुशोभित करते हुए एसपी जयंतकान्त ने न’क्सल के विरुद्ध कई ठोस कार्य करते हुए सफल व सार्थक अभि’यान चलाते हुए शांति व विधि व्यवस्था बहाल की जिसे आमजन द्वारा काफी सराहा गया.

वहीं पटना में एएसपी पद पर रहते हुए उन्होंने पटना एसएसपी मनु महाराज के साथ मिलकर गंगा के दियारा इलाकों में कई सफल अभि’यान चलाया. स’ख्त मिजाज आईपीएस अधिकारी जयंत कांत को अप’राधियों और नक्स’लियों को होश में रखने वाला पुलिस का डाक्टर भी कहा जाता है. जिस भी जिले में उन्होंने योगदान दिया वहां यह चर्चा रही की जयंत कांत के रहते अप’राधी और न’क्सली ज्यादा फड़फ’ड़ा नहीं पाते हैं. अभी हाल ही में पश्चिमी चम्पारण में आ’तंक का पर्याय माने जाने वाले कु’ख्यात अप’राधी गोरख ठाकुर गि’रोह के कई गु’र्गों को विशेष छा’पेमारी अभि’यान चलाकर गिर’फ्तार किया है.

एशिया पोस्ट द्वारा किये गए सर्वे 25 सर्वश्रेष्ठ सुपर कॉप्स 2017 (बिहार) में आईपीएस अधिकारी जयंत कांत को अप’राध नियं’त्रण, ईमानदारी, कर्तव्य निष्ठा, मातहत से संबंध, जनता से संबंध, छवि और कार्यकाल इन सात मुद्दे पर किये गये स’र्वे में उन्हें उच्च रेटिंग प्राप्त हुई थी.
बेतिया एसपी से मुजफ्फरपुर एसएसपी पद पर प्रो’न्नत हुए जयंतकांत को बेहद स’ख्त मिजाज अधिकारी माना जाता है.

वही उनकी पत्नी स्मृति भी सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़ कर हिस्सा लेती हैं और समाजसेवा में आगे रहकर आमजनों के बीच अपनी एक अलग पहचान बनाने में कुशल हैं. स्मृति पासवान व आईपीएस अधिकारी जयंत कांत ने वर्ष 2014 में ल’व मैरिज की थी. पटना एसपी पद पर रहते हुए जयंत कांत की मुलाकात स्मृति से हुई थी.

बिना किसी दान-दहेज़ के दोनों के परिजनों ने विवाह हेतु अपनी-अपनी सहमति दे दी थी. स्मृति पासवान ने पटना के नोट्रेडेम एकेडमी से स्कूली शिक्षा ग्रहण कर दिल्ली विश्वविद्यालय के लेडी श्रीराम कॉलेज ऑफ़ वूमेन से अपनी पढाई पूरी की. फिर जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी से इंटरनेशनल रिलेशन की डिग्री प्राप्त कर चुकी हैं.

