वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को को’रोना वा’यरस के प्र’कोप को कम करने के लिए देशव्यापी लॉकडाउन के बीच गरीबों की मदद के लिए कई बड़े ऐलान किये हैं। वित्त मंत्री ने देश भर के 80 करोड़ गरीबों को तीन महीने तक हर महीने 5 किलो गेहूं या चावल और एक किलो दाल मुफ्त देने का ऐलान किया है।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को 1,70,000 करोड़ के राहत पैकेज की घोषणा की है। इसके अलावा सरकार ने इस महामा’री के समय में अग्रीम पंक्ति में काम कर रहे स्वास्थ्य कर्मियों जैसे लोगों के लिए 50 लाख रुपये के बीमा का भी ऐलान किया है।

वर्तमान में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा निधि एक्ट के तहर राशन कार्ड धारकों को उच्च सब्सिडी के साथ दो रुपये प्रति किलो गेहूं और तीन रुपये प्रति किलो चावल पर राशन वितरित किया जाता है। लॉकडाउन के 36 घंटे बाद ही वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा 1.7 लाख करोड़ की प्रधान मंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत गरीबों को अतिरिक्त फ्री राशन देने की घोषणा की गई है। राशन कार्ड धारक गेहूं/चावल और दाल को पब्लिक डिस्ट्रिब्यूशन सिस्टम (PDS) से दो किश्तो में ले सकते हैं।

वित्त मंत्री ने कहा है कि ये कदम यह सुनिश्चित करेंगे कि इस लॉकडाउन के समय में देश में कोई गरीब भूखा ना सो पाए। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, सरकार के पास एफसीआई के गोदामों में कुल 58.49 मिलियन टन खाद्यान्न जमा है। इसमें से चावल 30.97 मिलियन टन है और गेहूं 27.52 मिलियन टन है। एक अप्रैल के आंकड़े के अनुसार, यह खाद्यान्न का भंडार 21 मिलियन टन की आवश्यक भंडार से कहीं अधिक है।

वित्त मंत्री ने 20.5 करोड़ महिलाओं के जन धन खाते में घर का खर्च चलाने के लिए अगले तीन महीने 500 रुपये प्रति माह देने की घोषणा की है। इसके अतिरिक्त गरीब सीनियर सिटिजंस, विधवाओं और दिव्यांगों को अगले तीन महीने प्रति माह 1,000 रुपये पेंशन दी जाएगी। यह उन्हें पहले से मिल रही पेंशन के अतिरिक्त होगी।