मुजफ्फरपुर। डीएम प्रणव कुमार ने इंटर और मैट्रिक परीक्षा 2021 की खराब रैंकिंग आने वाल स्कूलों को विशेष कक्षा चलाने का आदेश दिया है। इस आदेश का मकसद 2022 की इंटर और मैट्रिक परीक्षा में बेहतर परिणाम मिल सके।
डीएम ने जिले के खराब रैंकिंग आने वाले प्रधानाध्यापक, प्रभारी प्रधानाध्यापक राजकीय, राजकीयकृत, प्रोजेक्ट कन्या, अल्पसंख्यक, उच्च माध्यमिक विद्यालय की सूची संलग्न कर भेजा है और स्कूलों के प्रधान को विशेष कक्षा संचालन के लिए निर्देश दिया है।
उन्होंने स्पष्ट किया है कि वार्षिक इंटरमीडिएट परीक्षा 2021 में शामिल छात्र-छात्राओं के परिणाम के आधार पर जिले के उच्च माध्यमिक विद्यालयों की रैकिंग की गई है।
समीक्षा में स्पष्ट है कि पत्र के साथ संलग्न स्कूलों की सूची के क्रमांक 16 से लेकर 51 तक के स्कूलों में जहां वर्ष 2021 में दस फीसदी से 20 फीसदी तक छात्र-छात्राएं अनुत्तीर्ण हुए हैं, वहां क्रमांक 52 से 80 तक के विद्यालयों में 20 फीसदी से 43.12 फीसदी तक छात्र-छात्राएं अनुत्तीर्ण हुए है।
इन कोटि के स्कूलों का वार्षिक इंटरमीडिएट परीक्षा 2021 का परिणाम अत्यन्त खराब है।
इसको देखते हुए आगामी वार्षिक इंटरमीडिएट परीक्षा 2022 में शामिल होने वाले छात्र-छात्राओं के बेहतर प्रदर्शन और परिणाम के लिए विशेष वर्ग कक्षा का संचालन 20 दिसंबर से लेकर 31 जनवरी तक अनिवार्य रूप से करें।
इससे मैट्रिक और इंटरमीडिएट परीक्षा 2022 में शामिल होने वाले छात्र-छात्राओं के परिणाम में गुणात्मक सुधार ला पाएंगे। ऐसा नहीं करने वालों पर कार्रवाई होगी।

