मुजफ्फरपुर। एसकेएमसीएच में जन्म प्रमाण पत्र देने के नाम पर उ’गाही का मामला प्रकाश में आया है। यह आ’रोप महिलाओं ने लगाया है। इन महिलाओं ने हंगामा भी किया था। अधीक्षक कार्यालय में शि’कायत करने के दौरान वहां के सिस्टम पर आ’क्रोश जताया।
घू’सखोर डाटा आपरेटर को हटाने की मांग पर अ’ड़े रहे। आ’रोप लगाया कि डाटा आपरेटर सभी से 200-200 रुपये की वसूली करता है। जन्म प्रमाणपत्र देने के लिए अ’वैध तरीके से रुपये की उ’गाही करता है।
शि’कायत करने पहुंची शोभा ने आ’रोप लगाया कि रुपये नहीं देने पर जन्म प्रमाण पत्र देने में देरी करता है या फिर बहाना बनाकर दो-तीन दिन प’रेशान करते हैं।
बताया जाता है कि वसूली का खेल लं’बे समय से चल रहा था। इसका कुछ लोगों ने इसका वि’रोध करना शुरू किया। देखते-देखते मामला बि’गड़ता चला गया। ज’मकर हं’गामा होने लगा। डाटा आपरेटर को बाहर निकलने के लिए द’बाव बनाने लगे मामला अधीक्षक तक पहुंचा।
उन्होंने कहा कि किसी भी हाल में प्रमाण पत्र के लिए कोई राशि नहीं लेनी हैं। परिसर में सरकार की ओर से चलने वाली जांच, इलाज, सब कुछ मुफ्त है।
एसकेएमसीएच के अधीक्षक डा.बीएस झा ने कहा कि डाटा आपरेटर को हटाया जाएगा। व’सूली की जांच वे खुद करेंगे। परिसर में किसी तरह की अ’वैध वसूली ब’र्दाश्त नहीं की जाएगी।



