दरभंगा। नाबालिग शिष्या से दु’ष्कर्म करने के आ’रोप में अदालत ने गुरू को दो‘षी ठहराया है। पाक्सो एक्ट के विशेष न्यायाधीश विनयशंकर की अदालत ने गुरू हाफिज मुजीबुर्रहमान को स’जा देने के लिए 17 मई की तिथि निर्धारित की है।

विशेष लोक अभियोजक (पक्सो) विजय कुमार ने बताया कि हायाघाट थाना कांड संख्या 70/18 में आ’रोपित हाफिज मुजीबुर्रहमान को पाक्सो एक्ट के विशेष न्यायाधीश ने दो’षी क’रार दिया है।
निर्धारित तिथि पर कोर्ट में फैसला सुनाया जाएगा। बताया कि 17 जुलाई 2018 को ट्यूशन पढ़ाने के दौरान आ’रोपित गुरू हाफिज मुजीबुर्रहमान ने एक नौ वर्षीय छा’त्रा के साथ उसके घर में ही दु’ष्कर्म किया था।
इसके बाद पी’ड़िता को गंभीर स्थिति में स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां से उसे डीएमसीएच के लिए रे’फर कर दिया गया। इस मामलें में ट्रायल के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से अदालत में आठ गवाह और 12 दस्तावेजी साक्ष्य प्रस्तुत किए गए।
लगभग चार वर्षों के बाद अदालत ने तमाम गवाहों की गवाही और साक्ष्यों का अवलोकन कर आ’रोपित को दो’षी करार दिया है। बता दें कि दो’षी गुरू फिलहाल दरभंगा जे’ल में है।
