श्रावणी मेला शुरू में दस दिन शेष:हे भाेलेनाथ! काेराेना बम से कांवरियाें की रक्षा की इस बार जिम्मेदारी आपकी

विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला शुरू हाेने में अब महज दस दिन शेष है। 14 जुलाई काे माहभर तक चलनेवाले इस मेला का उद्घाटन हाेगा। प्रशासनिक स्तर पर तैयारी चल रही है, लेकिन इस बीच काेराेना संक्रमण भी बढ़ने लगा है। बीते 10 दिन में जिले में 142 नए मरीज मिले हैं। शहरी से लेकर ग्रामीण इलाकाें में राेज संक्रमित मिल रहे हैं। सुल्तानगंज, पीरपैंती, सबाैर, नाथनगर, शाहकुंड, नवगछिया, खरीक, गोपालपुर, जगदीशपुर समेत कई प्रखंडाें में मरीज मिल रहे हैं। श्रावणी मेला में सुल्तानगंज में श्रद्धालुओ की भीड़ उमड़ेगी।

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अनुमान है कि राेज औसतन 90 हजार श्रद्धालु केवल सुल्तानगंज के गंगा घाट पर डुबकी लगाएंगे और वहां से कांवर लेकर बाबा वैद्यनाथ धाम की यात्रा पर निकलेंगे। यानी, माहभर के अंदर 27 लाख कांवरिये जल उठाएंगे। शनिवार और रविवार काे भीड़ दाेगुनी हाेने की संभावना है। ऐसी स्थिति में कांवरियाें के बीच काेराेना संक्रमण फैलने का खतरा रहेगा।

ऐसे में प्रशासन के सामने संक्रमण राेकने के लिए साेशल डिस्टेंसिंग, मास्क पहनाने और टेस्टिंग कराना बड़ी चुनाैती हाेगी। इस दिशा में अब तक काेई प्रशासनिक पहल भी नहीं हुई है। ऐसी स्थिति में श्रद्धालुओ काे भगवान भाेलेनाथ का ही सहारा रहेगा।

14 जुलाई काे श्रावणी मेला का हाेगा उद्घाटन, बीते 10 दिनाें के अंदर जिले में मिले हैं 142 संक्रमित

प्रशासन के सामने हाेंगी ये चुनाैतियां

1. गंगा घाट

सुल्तानगंज में सीढ़ी घाट और जहाज घाट हजाराें की संख्या में श्रद्धालु आएंगे और वहां गंगा में डुबकी लगाएंगे। उनलाेगाें के बीच साेशल डिस्टेंसिंग का पालन कराना मुश्किल हाेगा।

2. अजगैबीनाथ मंदिर

गंगा में नहाने के बाद श्रद्धालु अजगैबीनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना करने के लिए जाते हैं। मंदिर में चढ़ने-उतरने का रास्ता बहुत संकरा है। ऐसे में वहां भी भीड़ लगेगी। उनलाेगाें के बीच में दूरी मेंटेन कैसे हाेगा, यह भी बड़ा सवाल है।

3 . रेलवे स्टेशन

सुल्तानगंज में 60 फीसदी श्रद्धालु रेल से आते हैं। ऐसे में रेलवे स्टेशन पर श्रद्धालुओ की भीड़ उमड़ेगी। उसकी जांच से लेकर काेविड गाइडलाइन का पालन करना आसान नहीं हाेगा।​​​​​​​

4. विश्राम स्थल

श्रावणी मेला के दाैरान देशभर के अलग-अलग राज्याें से श्रद्धालु आते हैं। इस दाैरान विदेशाें से भी कांवरिये आते हैं। ऐसे में उनलाेग हाेटल, लाॅज, यात्री शेड तक में ठहरते हैं। ऐसे में बाहर से आनेवाले के लिए अब तक जांच की काेई व्यवस्था नहीं बनाई गई है।

एक्सपर्ट व्यू

जांच रिपाेर्ट देखने के बाद मिले यात्रा की अनुमति
शहर के सीनियर फिजिशियन डाॅ. संदीप लाल का कहना है कि काेराेना का संक्रमण एक बार फिर तेजी से फैल रहा है। जिले में केस भी लगातार बढ़ रहे हैं। हालांकि ये फ्लू की तरह है। ज्यादा दिन तक असर नहीं रहता है। फिर भी श्रावणी मेला के दाैरान सुल्तानगंज में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ेगी, ऐसे में संक्रमण फैलने का खतरा बना रहेगा।

इसके लिए प्रशासन काे ठाेस व्यवस्था करनी हाेगी। प्रयास यह हाेना चाहिए कि काेराेना जांच रिपाेर्ट देखने के बाद ही कांवर यात्रा की अनुमति दी जाए। अगर निगेटिव रिपाेर्ट हाे ताे यात्रा की अनुमति मिले। घाट से लेकर कांवरिया पथ तक साेशल डिस्टेंसिंग का पालन कराना हाेगा। मास्क अनिवार्य करना हाेगा। इसके लिए जागरूकता अभियान चलाया जाए।

प्रशासनिक तैयारी : 11 जगहाें पर लगेंगे स्वास्थ्य शिविर

श्रावणी मेला क्षेत्र में स्वास्थ्य विभाग की ओर से 11 जगहाें पर शिविर लगेगा। इसमें सुल्तानगंज रेफरल अस्पताल में स्थाई और 10 विभिन्न जगहों-नई सीढ़ी घाट, जहाज घाट, महिला अस्पताल, आदर्श मिडिल स्कूल, कृष्णगढ़ नियंत्रण कक्ष, असियाचक, रामपुर कमराय, धांधी-बेलारी कांवरिया सेवा महाशिविर, गायत्री मंदिर और तेघड़ा फॉल के पास अस्थाई स्वास्थ्य शिविर लगेगा। कोरोना संक्रमित मरीजों के लिए प्रखंड मुख्यालय परिसर स्थित यात्री शेड में 10 बेड का कोरोना वार्ड बनाया गया है। जरूरत के हिसाब से बेड की संख्या बढ़ाकर 30 तक की जा सकती है।

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