पटना. बिहार की राजधानी पटना में चोरों ने एक दुस्साहसिक काम को अंजाम दिया है. चोरों ने थाना परिसर में स्थित पुलिसकर्मियों के आवास को निशाना बनाया है. महिला दारोगा के लाखों का आभूषण चुरा कर चोर चंपत हो गए. इस घटना से आमलोगों के साथ ही पुलिस भी हतप्रभ है कि आखिरकार चोर थाना परिसर में ही चोरी की बड़ी वारदात को कैसे अंजाम दे दिया?
चोर 800000 से 1000000 रुपये मूल्य के आभूषण पर हाथ साफ कर दिया. थाना परिसर में चोरी की बड़ी वारदात से पूरे महकमे में खलबली मची हुई है. सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब पुलिसवाले थाना कैंपस में ही सुरक्षित नहीं हैं तो आम जनता की सुरक्षा कैसे हो सकेगी?

आप ने रील लाइफ में यह गाना जरूर सुना होगा कि ‘दारोगा जी चोरी हो गई’. रील लाइफ का यह गाना रियल लाइफ में जिस तरीके से सामने आया है, उससे पटना पुलिस की कार्यशैली सवालों के घेरे में आ गई है. जी हां! फ़िल्म में दारोगा जी से चोरी की फरियाद सुनाने के लिए कोई फरियादी था, लेकिन रियल लाइफ में खुद दारोगा जी के यहां ही चोरी हो गई.

चोरी कहीं और नहीं, बल्कि थाना कैंपस में ही हुई है. मामला पटना के शास्त्री नगर थाना का है, जहां थाना कैंपस में रहने वाली ASI ललिता देवी के आवास में दिनदहाड़े भीषण चोरी की घटना को अंजाम देकर चोरों ने खलबली मचा दी है.

चोरों ने आराम से खंगाला पूरा घर
दरअसल, ललिता देवी का आवास शास्त्री नगर थाना कैंपस में है और वह रोज की तरह पुनाइचाक ड्यूटी करने गई थीं, लेकिन शुक्रवार को चोरों ने महिला दारोगा के घर को ही खंगाल डाला. बताया जाता है कि 8 से 10 लाख रुपए के आभूषण समेत दूसरे सामान चोर उड़ा कर ले गए. चोरी का पता तब चला जब ड्यूटी पर तबीयत खराब होने के कारण दारोगा का बेटा घर वापस आया. घटना की खबर सुनते ही महिला दारोगा अपने घर लौट आईं और आवास की हालत देखकर हैरान रह गईं. चोरों ने दारोगा के घर को पूरे इत्मीनान से खंगाला था. जगह-जगह आभूषण के डब्बे समेत दूसरे सामान बिखड़े पड़े थे.

मची खलबली
घटना की जानकारी मिलने के बाद शास्त्री नगर थाने में खलबली मच गई. थाना प्रभारी समेत दूसरे पुलिसकर्मी मामले की लीपापोती में जुटे रहे. काफी देर तक घटना को नकारने में लगे रहे, लेकिन देर रात आखिरकार मामले का भंडाफोड़ हो गया. दारोगा के बेटे ने चोरी की घटना को स्वीकार कर लिया.

इस घटना ने साबित कर दिया कि चोरी की वारदात को रोकने के लिए खुद के मुस्तैद होने का दावा करने वाली पटना पुलिस अपने को ही नहीं बचा पा रही है. शास्त्री नगर थाना क्षेत्र में ही बिहार पुलिस मुख्यालय समेत कई महत्वपूर्ण सार्वजनिक और सरकारी प्रतिष्ठानें हैं, जिनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी इसी थाने के पुलिसकर्मियों पर है.

