मुजफ्फरपुर : आईजी के निर्देश पर जिले के सभी थानेदार शराब तस्करों की सूची बना रहे हैं। अबतक 250 से अधिक शराब सिंडिकेट को चिह्नित किया जा चुका है। शराब सिंडिकेट में 20 से अधिक धंधेबाज बड़ी मात्रा में दूसरे राज्यों से शराब की खेप मंगवाकर खरीद-बिक्री करते हैं। हर सिंडिकेट की रिपोर्ट आईजी कार्यलय में सौंपने का भी निर्देश दिया गया है। ताकि दूसरे राज्यों से लिंक रखने वाले बड़े धंधेबाजों पर मुख्यालय स्तर से कार्रवाई की जा सके।
सभी थानेदार रिपोर्ट बना रहे हैं कि सक्रिय सिंडिकेट में कितने तस्कर हैं। उसका किन राज्यों के माफियाओं से लिंक है। शराब का धंधा करने वाले सिंडिकेट में अपराधी चरित्र के कितने हैं। बड़ी संख्या में लूट और छिनतई करने वाले अपराधी भी शराब के धंधे से जुड़े हैं। इसके अलावा सिंडिकेट के सरगना की संपत्ति का भी आकलन किया जा रहा है। आईजी ने निर्देश दिया है कि जिले में लाइसेंसी स्प्रिंट की कितनी दुकानें हैं।
इसकी सूची बनाएं और इसका स्टॉक रजिस्टर मिलान कर पता करें कि अबतक कितनी मात्रा में स्प्रिंट बाहर से मंगवाकर बेची गई है। आईजी ने कहा है कि एक से अधिक शराब तस्करी के कांडों के आरोपितों की संपत्ति का ब्योरा खंगालें। उनके बैंक खाते, शेयर में निवेश और जमीन व प्लॉट खरीद की जानकारी जुटाएं। आईजी ने निर्देश दिया है कि एसएसपी और एसपी जहरीली शराब से मौत को रोकने के लिए अलग से प्लान तैयार कर आईजी कार्यालय को दें। इस प्लान में मेडिकल एक्सपर्ट से भी राय ली जाए।




