मुजफ्फरपुर: एक मोबाइल कंपनी के डिस्ट्रीब्यूटर शिवपुरी मोहल्ला के जुपिटर अभिषेक ने अपने संस्थान के अकाउंटेंट पर डेढ़ करोड़ रुपये के गबन का आरोप लगाते हुए सदर थाने में एफआईआर दर्ज कराई है। आरोप लगाया है कि छद्म कागजात बनाकर कंपनी में अपनी मां व अन्य रिश्तेदारों को पार्टनर बताकर रुपये गबन किए गए। एफआईआर में पांच लोगों को नामजद किया है।
जुपिटर अभिषेक ने पुलिस को बताया है कि उसने मझौलिया रोड में डिस्ट्रीब्यूटरशिप की दुकान खोली थी। इसमें 1.10 करोड़ रुपये पूंजी लगाई थी। श्रेयांश नामक युवक को इसमें अकाउंटेंट के रूप में काम करने के लिए रखा था। उसने संस्थान को निजी कंपनी में रजिस्टर्ड करवा दिया और जाली कागजात के आधार पर इस नये संस्थान में अपनी मां को पार्टनर बना दिया।
इसमें मां के अलावा बहन और भाई को संलिप्त किया है। बीते 11 जनवरी को व्यावसायिक कार्य के सिलसिले में त्रिपुरा गया था। 19 जनवरी को श्रेयांश ने कार्यालय में ताला लगाकर सारा माल गायब कर दिया। जब 21 जनवरी को त्रिपुरा से वापस लौटा तो कार्यालय में ताला लटका देख दंग रह गया। कार्यालय से 30 लाख रुपये की संपत्ति गायब है। सदर थानेदार सत्येंद्र कुमार मिश्र ने बताया कि एफआईआर कर ली गई है।




