बिहार में वैशाली लोकसभा सीट पर सबकी नजर बनी हुई है। इस सीट पर जहां चिराग पासवान ने वीणा देवी को उतारा है, वहीं महागठबंधन और आरजेडी की तरफ से मुन्ना शुक्ला को टिकट मिला है। मुन्ना शुक्ला उस क्षेत्र के बाहुबलि नेता माने जाते हैं। लेकिन इन सब के बीच चिराग पासवान का एक बयान सामने आया है जो कि उनके उम्मीदवार वीणा देवी को राहत देने वाली है। दरअसल, कुछ पत्रकारों ने जब चिराग पासवान से पूछा कि वीणा देवी ने तो आपको धोखा देकर पाला बदल लिया था फिर भी आपने उन्हें टिकट दिया है?

धोखा मिलने के बावजूद वीणा देवी को टिकट क्यों? चिराग पासवान ने दिया जवाब
इसपर चिराग पासवान ने कहा कि हां, मैंने कहा था कि जिन्होंने धोखा दिया है, उन्हें मैं टिकट नहीं दूंगा, इस बात को मैंने ही कहा था। लेकिन, यह वही वीणा देवी हैं जो कि सबसे पहले मेरी नानी के निधन पर सबसे पहले पहुंची थीं। वह मेरी नानी के निधन के बाद मेरी पार्टी से जुड़ गईं।

वीणा देवी ने गलती का इजहार किया: चिराग पासवान
वीणा देवी ने न सिर्फ गलती का इजहार किया बल्कि उसपर पश्चाताप भी किया। वीणा देवी, मेरी मां से निरंतर मुलाकात करती रहीं और पार्टी के हर कार्यक्रम में आती रहीं। उनलोगों को मैंने आज भी टिकट नहीं दिया है जो कि टिकट की घोषणा होने के बाद मेरे आसपास चक्कर लगाने लगे।

कुछ लोग टिकट की घोषणा के बाद चक्कर लगाने लगे: चिराग पासवान
कई ऐसे चेहरे हैं जो कि सिर्फ इसलिए चक्कर लगाने लगे थे कि उन्हें पता चला कि लोजपा (रामविलास) को टिकट मिलने वाला है। मैं फिर कहता हूं कि धोखा देने वाले और अवसरवादी लोगों को टिकट नहीं मिलने वाला है। वीणा देवी ने एक ईमानदार पश्चाताप किया।

