पटना. बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने एक तरफ जहां भीषण गर्मी को देखते हुए बिहार के स्कूलों को बंद करने का आदेश दिया था. वहीं शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक ने शिक्षकों को अनिवार्य रूप से स्कूल पहुंचने को निर्देश दिया है. अब ऐसे में केके पाठक के इस आदेश को लेकर विरोध शुरू हो गया है. केके पाठक के आदेश से नाराज पूर्वी चंपारण के गोविंदगंज के बीजेपी विधायक सुनील मणि तिवारी ने शिक्षकों और शिक्षा विभाग के अधिकारियों को लेकर अजीबोगरीब बयान दिया है.
बीजेपी विधायक सुनील मणि तिवारी ने केके पाठक का विरोध करते हुए कहा कि केके पाठक को कुछ समझ नहीं आता है. इस गर्मी में शिक्षकों को भी गर्मी लगती है इसलिए शिक्षकों को भी स्कूल आने पर रोक लगनी चाहिए. साथ ही उन्होंने कहा कि सभी शिक्षक एक जुट होकर जो भी अधिकारी स्कूलों में जांच के लिए आते हैं उनको बंधक बनाकर हमको सूचना करें. हम इस मामले को देखेंगे.

उन्होंने कहा कि अधिकारी स्कूलों में जांच के नाम पर पैसा लूटने आते हैं यह जगजाहिर है. इसलिए सभी लोग मिलकर शिक्षा विभाग के अधिकारियों को बंधक बनाने का काम करें. वहीं उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जो स्कूल बंद करने के जो आदेश दिए हैं उस आदेश का सभी शिक्षकों को पालन करने की जरूरत है. दरअसल के के पाठक के आदेश के बाद लगातार विधायिका कार्यपालिका के कार्य शैली पर सवाल उठ रहे हैं, इसी कड़ी में बीजेपी विधायक भी आक्रमक हुए हैं. उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से खुद इसमें पहल करने की मांग की है.








